Old Testament
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प्रेरितों के काम 1 प्रेरितों के काम 2 प्रेरितों के काम 3 प्रेरितों के काम 4 प्रेरितों के काम 5 प्रेरितों के काम 6 प्रेरितों के काम 7 प्रेरितों के काम 8 प्रेरितों के काम 9 प्रेरितों के काम 10 प्रेरितों के काम 11 प्रेरितों के काम 12 प्रेरितों के काम 13 प्रेरितों के काम 14 प्रेरितों के काम 15 प्रेरितों के काम 16 प्रेरितों के काम 17 प्रेरितों के काम 18 प्रेरितों के काम 19 प्रेरितों के काम 20 प्रेरितों के काम 21 प्रेरितों के काम 22 प्रेरितों के काम 23 प्रेरितों के काम 24 प्रेरितों के काम 25 प्रेरितों के काम 26 प्रेरितों के काम 27 प्रेरितों के काम 28Verse
प्रेरितों के काम 2:1 प्रेरितों के काम 2:2 प्रेरितों के काम 2:3 प्रेरितों के काम 2:4 प्रेरितों के काम 2:5 प्रेरितों के काम 2:6 प्रेरितों के काम 2:7 प्रेरितों के काम 2:8 प्रेरितों के काम 2:9 प्रेरितों के काम 2:10 प्रेरितों के काम 2:11 प्रेरितों के काम 2:12 प्रेरितों के काम 2:13 प्रेरितों के काम 2:14 प्रेरितों के काम 2:15 प्रेरितों के काम 2:16 प्रेरितों के काम 2:17 प्रेरितों के काम 2:18 प्रेरितों के काम 2:19 प्रेरितों के काम 2:20 प्रेरितों के काम 2:21 प्रेरितों के काम 2:22 प्रेरितों के काम 2:23 प्रेरितों के काम 2:24 प्रेरितों के काम 2:25 प्रेरितों के काम 2:26 प्रेरितों के काम 2:27 प्रेरितों के काम 2:28 प्रेरितों के काम 2:29 प्रेरितों के काम 2:30 प्रेरितों के काम 2:31 प्रेरितों के काम 2:32 प्रेरितों के काम 2:33 प्रेरितों के काम 2:34 प्रेरितों के काम 2:35 प्रेरितों के काम 2:36 प्रेरितों के काम 2:37 प्रेरितों के काम 2:38 प्रेरितों के काम 2:39 प्रेरितों के काम 2:40 प्रेरितों के काम 2:41 प्रेरितों के काम 2:42 प्रेरितों के काम 2:43 प्रेरितों के काम 2:44 प्रेरितों के काम 2:45 प्रेरितों के काम 2:46 प्रेरितों के काम 2:47



प्रेरितों के काम 2:14—पतरस की उद्घोषणा
इस पद में पतरस उन ग्यारह प्रेरितों के साथ खड़ा होकर यहूदियों और यरूशलेम के निवासियों को सम्बोधित करते हैं—यह घटना पाटना नहीं, बल्कि पहली पवित्र आत्मा के उत्तरण के बाद नये जन्म के वास्तविक अनुभव को साझा करने की शुरुआत है। यह पाठ दर्शाता है कि कैसे सूक्ति-युक्त, दृढ़ और निर्भीक प्रवचन लोगों के हृदय को छू सकता है और उन्हें प्रभु यीशु मसीह के बारे में सचेत कर सकता है।
पद का पाठ और संदर्भ
पतरस ऊँचे शब्द से कहते हैं: “हे यहूदियों, और हे यरूशलेम के सब रहनेवालों, यह जान लो और कान लगाकर मेरी बातें सुनो।”
यह उद्घोषणा दल के भीतर एक संकल्पशील संदेश की शुरुआत है—जो दर्शाती है कि उद्धार का संदेश नयी आस्तिकता की सच्ची आवाज़ बनकर पहली चर्चाओं के सामने प्रस्तुत किया गया है। प्रेरितों के काम के पृच्छवर्ती अध्यायों में यह आयोजन पवित्र आत्मा के आविर्भाव के बाद चर्चित समुदाय के लिए एक स्पष्ट घोषणात्मक मंच बनता है।
मुख्य आध्यात्मिक पाठ
अनुसंगिक बाइबिल पाठ एवं उनके साथ संबंध
1) विस्मय और स्पष्ट उद्घोषणा: प्रेरितों के काम 1:8 में योद्धा शब्दों के साथ बतलाया गया कि प्रेरितों को प्रचार का दायरा विश्व-पर्यंत होगा—यह उद्घोषणा 2:14 की ओर मार्गदर्शक है जब पतरस बहुमुखी संदेश देता है।
2) पश्चात्ताप की आवश्यक्ता: योहान के प्रवेशद्वार में पठन-वाक्यों के साथ भी यह संकेत मिलता है कि आत्मा-आमंत्रण के साथ परिवर्तन आवश्यक है।
3) यीशु मसीह के नाम का महत्त्व: एपोस्तल्स के माध्यम से नाम के प्रचार से उद्धार मिलता है—यह 2:38 और आगे के प्रचारों से संगत है।
गीतात्मक और व्यवहारिक अनुप्रयोग
— किस प्रकार सुनना और समझना: यहूदियों और यरूशलेम के निवासियों के लिए बुलाहट है कि वे संदेश को उत्सुकता से सुनें, क्योंकि उद्धार यीशु के नाम से है।
— साहस और स्पष्टता: पतरस की स्पष्ट उद्घोषणा बताती है कि सत्य को बिना धृतराष्ट्र बनाये सीधे बताया जाना चाहिए ताकि बाधाओं के बावजूद ईश्वर के काम आगे बढ़ें।
छोटी-सी संदर्भसूची
क्लासिकल टिप्पणी से समेकित दृश्य
मैथ्यू हेन्के के अनुसार, यह उद्घोषणा सार्वजनिक सभा के सामने एक स्पष्ट उद्घोष बनकर उठती है, ताकि सभी यहूदियों को आत्म-साक्षात्कार का अवसर मिले।
एलबर्ट बार्न्स के अनुसार, पतरस की यह बात लोगों को क्रोध नहीं, बल्कि पश्चात्ताप और विश्वास की ओर बुलाती है।
एडम क्लार्क के अनुसार, यह उद्घोषणा यह दर्शाती है कि क्यों प्रेरितों के काम का संदेश सुलझा हुआ, स्पष्ट और सामने वाला सुन सके—ताकि उद्धार के रास्ते खुलें।
कुल मिलाकर यह verse यह दिखाता है कि ईश्वर के काम की शुरुआत सुनवाई से होती है, और विश्वास के साथ प्रत्युत्तर देने पर उद्धार का मार्ग खुलता है।
सारांश: पतरस का उद्घोष यहूदियों के लिए खुलापन, सचेतनता और आत्मसमर्पण की मांग है—ताकि प्रेरितों का घोषणा-कार्य विश्वभर के लिए जीवनदायी हो सके।