Old Testament
उत्पत्ति निर्गमन लैव्यव्यवस्था गिनती व्यवस्थाविवरण यहोशू न्यायियों रूत 1 शमूएल 2 शमूएल 1 राजाओं 2 राजाओं 1 इतिहास 2 इतिहास एज्रा नहेम्याह एस्तेर अय्यूब भजन संहिता नीतिवचन सभोपदेशक श्रेष्ठगीत यशायाह यिर्मयाह विलापगीत यहेजकेल दानिय्येल होशे योएल आमोस ओबद्याह योना मीका नहूम हबक्कूक सपन्याह हाग्गै जकर्याह मलाकीVerse
2 कुरिन्थियों 3:1 2 कुरिन्थियों 3:2 2 कुरिन्थियों 3:3 2 कुरिन्थियों 3:4 2 कुरिन्थियों 3:5 2 कुरिन्थियों 3:6 2 कुरिन्थियों 3:7 2 कुरिन्थियों 3:8 2 कुरिन्थियों 3:9 2 कुरिन्थियों 3:10 2 कुरिन्थियों 3:11 2 कुरिन्थियों 3:12 2 कुरिन्थियों 3:13 2 कुरिन्थियों 3:14 2 कुरिन्थियों 3:15 2 कुरिन्थियों 3:16 2 कुरिन्थियों 3:17 2 कुरिन्थियों 3:18

अर्थ का स्पष्ट सार
2 कुरिन्थियों 3:15 में कहा गया है कि “और आज तक जब कभी मूसा की पुस्तक पढ़ी जाती है, तो उनके हृदय पर परदा पड़ा रहता है।” इसका सीधा मतलब है कि पुरानी व्यवस्था के अनुसार उन यहूदियों के हृदय में एक तरह का धुँधलापन है, जिससे वे मसीह के नवीन संयोजन को देखने में असमर्थ रहते हैं। परदा तब हटा जाता है जब वे उद्धारकर्ता के साथ विश्वास के विषय में अपने दायित्व को स्वीकार कर लेते हैं।
पृष्ठभूमि और संदर्भ
पद का लेखक पौलूस है जो कुरिन्थियों के प्रति अपने पत्रों में नए और पुराने विधान के बीच असंगति नहीं, बल्कि पूर्णता की एक नई व्यवस्था प्रस्तुत करता है। यहाँ “मूसा की पुस्तक” से तात्पर्य旧ी कानून (मूसा के द्वारा दिया गया कानून) है, जो बाह्य नियमों पर केंद्रित है। परदा तब है जब लोग केवल व्यवस्था को देखते हैं; परदा तब हटता है जब वे ईसा मसीह की महिमा और उसकी आत्म-प्राप्ति की दृष्टि खोल लेते हैं।
महत्वपूर्ण विश्लेषण observations
संक्षिप्त थीम-लिस्ट
अनुदेशात्मक cross-references (संक्षेप में व्याख्या)
इसवी-युग के लिए उद्धार का unveiled view: रोम 8:1-2—जीवन की आत्मा द्वारा आत्म-न्याय और नई दिशा मिलती है, पुराने नियम के साथ संतुलन बनाते हुए। मध्यम मार्ग के भेद से मोक्ष की नयी रोशनी मिलती है।
विश्वास से परदा हटना: 2 कुरिन्थियों 4:6—"आत्मा का प्रकाश" दिलों में डालता है, जिससे मसीह की महिमा स्पष्ट होती है।
कठोर सीमा के भीतर पुनर्निर्माण: कुलुस्सियाँ 1:26-27—गुप्त रहस्य अब विश्व के सामने उजागर होता है, जिसे चखना है।
प्रयुक्त व्यावहारिक निष्कर्ष
यह पाठ यह सिखाता है कि ईश्वर के साथ वास्तविक संबंध केवल नियमों की कड़ाई नहीं, बल्कि विश्वास के द्वारा मसीह की महिमा को देखने और आध्यात्मिक दृष्टि से जीने में है। जब हम परमेश्वर के नीचे आसीन होकर प्रार्थना, श्रद्धा, और विश्वास के साथ उसकी रोशनी को ग्रहण करते हैं, तब हमारे हृदय से परदा गिरता है और जीवनांतरण होता है।
कथनों के स्रोत (पुमुख उद्धरणों के लिए नोट)
यथार्थ में इस पाठ पर Matthew Henry, Albert Barnes और Adam Clarke के सार्वजनिक डोमेन टिप्पणीकारों के संक्षिप्त विचार सामान्य रूप से निम्न प्रकार दिखते हैं:
— Henry: पुराने विधान की महिमा और नया विधान का उच्चतर महिमा—“जहाँ आत्मा वह कर दे, वह liberty है।”
— Barnes: मूसा की परदा-युक्त स्थिति मानव-चाह के परिणामस्वरूप है; नया वचन उसका हल है।
— Clarke: परदा अंतर्मन के अज्ञान से है, परदा हटना विश्वास और मसीह के आनंद के साथ संभव है।