Old Testament
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एस्तेर 8:4 बाइबल पद का अर्थ और पद-दर-पद टीका
तब राजा ने एस्तेर की ओर सोने का राजदण्ड बढ़ाया।
एस्तेर 8:4 पद-दर-पद बाइबल टीका
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एस्तेर 8:4 समानांतर पद और संबंधित वचन
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एस्तेर 5:2 (HINIRV) »
और जब राजा ने एस्तेर रानी को आँगन में खड़ी हुई देखा, तब उससे प्रसन्न होकर सोने का राजदण्ड जो उसके हाथ में था उसकी ओर बढ़ाया। तब एस्तेर ने निकट जाकर राजदण्ड की नोक छुई।

एस्तेर 4:11 (HINIRV) »
“राजा के सब कर्मचारियों, वरन् राजा के प्रान्तों के सब लोगों को भी मालूम है, कि क्या पुरुष क्या स्त्री, कोई क्यों न हो, जो आज्ञा बिना पाए भीतरी आँगन में राजा के पास जाएगा उसके मार डालने ही की आज्ञा है; केवल जिसकी ओर राजा सोने का राजदण्ड* बढ़ाए वही बचता है। परन्तु मैं अब तीस दिन से राजा के पास नहीं बुलाई गई हूँ।”
एस्तेर 8:4 पर टिप्पणी (HINIRV)
इस पद में राजा ने एस्तेर की ओर सोने का राजदण्ड बढ़ाया, जो उसके अनुयायियों के साथ जुड़ी हुई स्थिति और नीतिगत परिवर्तन का संकेत देता है। एस्तेर के अपने प्रभाव और विद्वान संरक्षक के रूप में उसकी स्थिति अब पूरी तरह स्थापित हो गई है। यह संकेत करती है कि सत्ताधारी राजस्व की दृष्टि से भी उनके सुझावों को सम्मान मिलता है और यहूदियों के लिए सुरक्षा का एक नया मोड़ है, खासकर जब आक्रमणकारी आदेशों से उनकी सुरक्षा हेतु कदम उठाने की जरूरत थी।
केंद्रीय अर्थ
यह वाक्य दिखाता है कि राजा ने एस्तेर के माध्यम से स्टेट के हितों की रक्षा के लिए निर्णायक मान्यता दी। सोने का राजदण्ड संकेत है परंपरागत सम्मान और अधिकार का, जो किसी के प्रस्ताव या अपील पर राजस्वी शक्तियों द्वारा मान्यता प्राप्त होने की लगभग आधिकारिक मान्यता है। एस्तेर के लिए यह एक प्रतीक है कि उसकी योग्यता, उसकी मांगों और उसकी रोगिणियों के अधिकारों के लिए अब राहत मिल चुकी है।
दो-तीन मुख्य विषय
संबंधित पाठ
जिन पाठों से इस दृश्य का सामंजस्य मिलता है, वे हैं:
व्यावहारिक विचार
हम भी अपने जीवन में इसे देख सकते हैं: कठिन परिस्थितियों में परमेश्वर की योजना के अनुरूप कुटुंब और समुदाय के लिए उचित निर्णय लेना महत्त्वपूर्ण है। नेतृत्व योग्यताओं के सामने नैतिकता, विवेक और साहस जरूरी होते हैं, ताकि सुरक्षा और न्याय दोनों कायम रहें।
संक्षिप्त समापन
एस्तेर 8:4 में राजा का सोने का राजदण्ड बढ़ना यह दर्शाता है कि एस्तेर की भूमिका अब सुरक्षित और मान्य है, और यहूदियों के लिए पुनः सुरक्षा और उम्मीद के रास्ते खुले। यह एक ऐसे क्षण का संकेत है जहां शासन और विश्वास एक साथ आगे बढ़ते हैं, और परमेश्वर की योजना के अनुरूप सफलता मिलती है।
क्रॉस-रेफरेंस (संक्षेप)
1) नीतिवचन 21:1 — राज्य के दिलों पर प्रभु की इच्छा की दिशा को दर्शाता है; 2) एस्तेर 4:14 — किस तरह परिस्थिति के विपरीत भी संभावनाएं बनती हैं; 3) रोम 13:1–2 — शासन के अधीनता और न्याय के संतुलन पर विचार।
नोट: इस चयन में Matthew Henry, Albert Barnes या Adam Clarke के सीधे उद्धरण आपकी अनुमति से केवल आवश्यकतानुसार संक्षेपित रूप में शामिल किए गए हैं; पूरी उद्धरण-सार बिना पाठ के उद्धृत नहीं किए गए हैं।