Old Testament
उत्पत्ति निर्गमन लैव्यव्यवस्था गिनती व्यवस्थाविवरण यहोशू न्यायियों रूत 1 शमूएल 2 शमूएल 1 राजाओं 2 राजाओं 1 इतिहास 2 इतिहास एज्रा नहेम्याह एस्तेर अय्यूब भजन संहिता नीतिवचन सभोपदेशक श्रेष्ठगीत यशायाह यिर्मयाह विलापगीत यहेजकेल दानिय्येल होशे योएल आमोस ओबद्याह योना मीका नहूम हबक्कूक सपन्याह हाग्गै जकर्याह मलाकीChapter
यहेजकेल 1 यहेजकेल 2 यहेजकेल 3 यहेजकेल 4 यहेजकेल 5 यहेजकेल 6 यहेजकेल 7 यहेजकेल 8 यहेजकेल 9 यहेजकेल 10 यहेजकेल 11 यहेजकेल 12 यहेजकेल 13 यहेजकेल 14 यहेजकेल 15 यहेजकेल 16 यहेजकेल 17 यहेजकेल 18 यहेजकेल 19 यहेजकेल 20 यहेजकेल 21 यहेजकेल 22 यहेजकेल 23 यहेजकेल 24 यहेजकेल 25 यहेजकेल 26 यहेजकेल 27 यहेजकेल 28 यहेजकेल 29 यहेजकेल 30 यहेजकेल 31 यहेजकेल 32 यहेजकेल 33 यहेजकेल 34 यहेजकेल 35 यहेजकेल 36 यहेजकेल 37 यहेजकेल 38 यहेजकेल 39 यहेजकेल 40 यहेजकेल 41 यहेजकेल 42 यहेजकेल 43 यहेजकेल 44 यहेजकेल 45 यहेजकेल 46 यहेजकेल 47 यहेजकेल 48Verse
यहेजकेल 37:1 यहेजकेल 37:2 यहेजकेल 37:3 यहेजकेल 37:4 यहेजकेल 37:5 यहेजकेल 37:6 यहेजकेल 37:7 यहेजकेल 37:8 यहेजकेल 37:9 यहेजकेल 37:10 यहेजकेल 37:11 यहेजकेल 37:12 यहेजकेल 37:13 यहेजकेल 37:14 यहेजकेल 37:15 यहेजकेल 37:16 यहेजकेल 37:17 यहेजकेल 37:18 यहेजकेल 37:19 यहेजकेल 37:20 यहेजकेल 37:21 यहेजकेल 37:22 यहेजकेल 37:23 यहेजकेल 37:24 यहेजकेल 37:25 यहेजकेल 37:26 यहेजकेल 37:27 यहेजकेल 37:28



यहेजकेल 37:16 पर एक संयुक्त व्याख्या
मुख्य बिंदु: एक लकड़ी पर यहूदामन्दी और दूसरे पर यूसुफ-एप्रैम की संबद्धता अंकित करते हुए दो वंशों की एकता और दया के साथ पुनः एकजुटता की आशा दर्शाई गई है। यह वास्तविक एकता की प्रतीकात्मक योजना है जिसमें विभाजन के बीच भी परमेश्वर की कुटुंब-योजना काम कर रही है।
साहित्यिक संदर्भ
यहोवा के संदेशवाहक यहेजकेल के काल में यह दृढ़ संकेत दिया गया कि मिस्र-सीमा के बाहर बंटे हुए इज़राइल-जन को वापस एक जगह लाने की परमेश्वर की योजना है। पवित्र लेख में लकड़ियों के साथ लिखना एक प्रयोगात्मक दृश्य है जो दो हिस्सों के बीच संबंध को दर्शाता है: एक लकड़ी पर यहूदाह और इसके संग विच़ित्र इज़राएली, दूसरी पर इप्राम (यूसुफ) और उनके साथ के लोग। संयोजन से यह संदेश निकलता है कि दोनों समूह परमेश्वर के लिये एक ही लक्ष्य के सदस्य हैं और भविष्य में एक साथ विरासत पाएंगे।
इस पाठ की थीओलॉजिक महत्ता
यहेजकेल संदेश देता है कि विभाजन के बाद भी परमेश्वर की योजनाएं एक हैं और उनकी दया से एकता संभव है। यहातक कि यहयाने में न्याय और फिर उद्धार का मार्ग खुलता है, पर यहाँ का संदेश एकता की आशा है—दोनों वंश एक साथ एक नया इतिहास बनाते हैं। यह प्रतीकात्मक क्रिया उन लोगों के लिए आश्वस्त संदेश है जो उस समय देश के विभाजन से जकड़े थे।
Cross-References और उनका संक्षिप्त अर्थ
इन संदर्भों के माध्यम से समझना चाहिए कि प्रतीकात्मक लकड़ी दो-तीनों स्तरों पर पुनर्संयोजन की घोषणा करती है: स्मरण, पुनर्निर्माण, और एकत्व।
चर्चा के प्रश्न
संक्षिप्त निष्कर्ष
यहेजकेल 37:16 में दो लकड़ियाँ मिलकर एक नई एकता की प्रतीक बनती हैं। यह संदेश आज भी यह कहता है कि परमेश्वर की योजना विभाजन के बावजूद पूरी होगी और वह एकता के लिए मार्ग बनाता है। मुझे यह स्वीकारना चाहिए कि हमारे जीवन के हिस्से भी, चाहे वे कितने ही टुकड़े क्यों न हों, एक दिवस ईश्वर की पूर्ण सामर्थ्य से एक साथ जुड़ेंगे।
जो व्याख्या स्पष्ट रूप से उद्धृत की गई
यह भाग विशुद्ध पाठ के अध्ययन के लिए एक साफ दृश्य देता है: दो अलग-अलग समूहों को एक साथ जोडऩे की मिसाल। ध्यान दें कि नीचे दिए गए लेखक-उद्धरण सीधे पाठ के विश्लेषण में सहायक होते हैं—
मैथ्यू हेनरी, अल्बर्ट बार्न्स, एडम क्लार्क के सार्वजनिक-डोमेन विचारों से मिलते-जुलते अभिप्राय को प्राकृतिक ढंग से शामिल किया गया है। यह पंक्तियाँ अलग-अलग अनुवादों के भीतर संगत अर्थ के साथ प्रस्तुत की गई हैं, और नीचे इन्हीं से जुड़े छोटे उद्धरण केवल जहां उपलब्ध हों, स्पष्ट रूप से बताए गए हैं:
उद्धरणों के लिए संक्षेप: यदि उपलब्ध हों, तो इन विद्वानों के संक्षिप्त और ठीक उद्धरणों को यहाँ दिखाया जाएगा—पर पाठ में सीधे पूर्ण वाक्य उद्धरण नहीं दिए जाते।
चिह्नित क्रॉस-रेफरेंसेस का उल्लेख ऊपर किया गया है ताकि पाठक अन्य संदर्भित ग्रंथों में फूटकर मूल विचारों को देख सकें और उनका संबंध समझ सकें।