Old Testament
उत्पत्ति निर्गमन लैव्यव्यवस्था गिनती व्यवस्थाविवरण यहोशू न्यायियों रूत 1 शमूएल 2 शमूएल 1 राजाओं 2 राजाओं 1 इतिहास 2 इतिहास एज्रा नहेम्याह एस्तेर अय्यूब भजन संहिता नीतिवचन सभोपदेशक श्रेष्ठगीत यशायाह यिर्मयाह विलापगीत यहेजकेल दानिय्येल होशे योएल आमोस ओबद्याह योना मीका नहूम हबक्कूक सपन्याह हाग्गै जकर्याह मलाकीVerse
योएल 2:1 योएल 2:2 योएल 2:3 योएल 2:4 योएल 2:5 योएल 2:6 योएल 2:7 योएल 2:8 योएल 2:9 योएल 2:10 योएल 2:11 योएल 2:12 योएल 2:13 योएल 2:14 योएल 2:15 योएल 2:16 योएल 2:17 योएल 2:18 योएल 2:19 योएल 2:20 योएल 2:21 योएल 2:22 योएल 2:23 योएल 2:24 योएल 2:25 योएल 2:26 योएल 2:27 योएल 2:28 योएल 2:29 योएल 2:30 योएल 2:31 योएल 2:32



योल 2:21 — 의미 और प्रकाश
सीधे शब्दों में कहें तो यह वचन कहता है: इस देश के लिए डरने की आवश्यकता नहीं है; अंतःकरण में आनंद और मुस्कान होनी चाहिए क्योंकि यहोवा ने महान काम किए हैं। यह परमेश्वर की सच्चाई और उसकी योजनाओं के प्रभाव को दर्शाता है—हर संकट के बीच भी आशा और स्मरणीय उद्धार की संभावना उभरती है।
पृष्ठभूमि और संदर्भ
यहोएल की किताब की यह पंक्ति तब कही गई है जब ईश्वर अपने दंड के बाद भी अपने लोगों को उत्प्रेरित कर रहा है कि वे भय छोड़कर आनन्द मनाएं। योल संदेश में प्राकृतिक आपदाओं के पीछे की सच्चाई बताई गई है—पर अब उद्धार की आशा स्पष्ट हो चली है। ग्रंथकार यह दर्शाते हैं कि परमेश्वर के आदेश के अधीन रहते हुए भी बहरे, अंधे और परम्परागत भय के भाव से मुक्त होना संभव है।
interpretive observations
छोटे थीमैटिक बिंदु
अन्य सम्बद्ध भाग
1) इब्रानियों 11:1 की तरह विश्वास के महत्व की पुष्टि, जहां आस्था वास्तविक घटनाओं के पीछे काम करती है।
2) रोमियों 8:28— सभी बातों का.meaningful अर्थ, परमेश्वर की योजना में विश्वास का स्थान।
3) भजन 46:1-2— कठिन समय में परमेश्वर हमारा आश्रय है, इसलिए डर घट जावे।
कुल मिलाकर संदेश
यहादेश हमें बताता है कि कठिन परिस्थितियों में भी परमेश्वर के बड़े कामों की याद से मन में संतुष्टि और आनन्द बना रहता है। भय छोड़कर भगवान की सार्वभौमिकता और कृपा की धारणा में जीना एक व्यवहारिक जीवन-विकास है।
व्यावहारिक निष्कर्ष
संदर्भ-योग:
- अन्य्र संदर्भ: यहोएल की पथ-प्रेरक क्रिया और उद्धार की स्मृति से जुड़ा साथ।
यह पाठ Matthew Henry, Albert Barnes और Adam Clarke के सार्वजनिक-domain टिप्पणीकारों के विचारों के साथ एकीकृत प्रेरणा देता है, जहां संक्षेप में उनके सुझाए अर्थ आत्मीय एकता के साथ प्रस्तुत हैं, परन्तु उद्धरणों के संकीर्ण अंश ही उद्धृत हैं और पूरी टेक्स्ट नहीं दी गई है।
टीका समाप्ति: यहोवा का महान कार्य हमें डर को हराने और आनंद को जीवन का मूल बनाये रखने के लिए प्रेरित करता है; विश्वास में जिएँ और अनुभव करें कि वह हमारे साथ है।