1 राजाओं 17:8 बाइबल पद का अर्थ और पद-दर-पद टीका

तब यहोवा का यह वचन उसके पास पहुँचा,

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1 राजाओं 17:8 पद-दर-पद बाइबल टीका

अर्थ का प्रत्यक्ष वक्तव्य

1 राजाओं 17:8 में यहोवा का वचन जीवित होकर एलीयाज के घर तक पहुँचता है, जो यहोवा के निर्देश के अनुसार चलता है। इस वचन से यह स्पष्ट होता है कि परमेश्वर अपने सेवकों के लिए शब्द भेजकर उनकी आवश्यकताओं के समय में आवागमन करते हैं, भले ही परिस्थितियाँ कितनी चुनौतीपूर्ण क्यों न हों।

पृष्ठभूमि और प्रसंग

इस अध्याय में एलिय्या नामक भविष्यवेत्ता एक अनपेक्षित परीक्षण से गुजरता है। पहली राजाओं के संदर्भ में यह भाग आसन्न अकाल और दैवीय आशीष की आवश्यकता के बीच की संतुलन को दर्शाता है। तीन प्रमुख घटना-घटित होती हैं: (1) एलिय्याह का राज्य के राजा और जनता के सामने कदम बढ़ाना, (2) निर्जन स्थान और एक कौवा द्वारा भोजन का प्रबंध, (3) यहोवा का संदेश—“यहोवा का यह वचन… पहुँचा”—जो भविष्य को दिशा देता है। इस वचन से यह भी सिद्ध होता है कि परमेश्वर अपने निर्णयों में समय-निर्धारण और साक्ष्य के अनुसार मार्ग दिखाते हैं।

व्याख्यात्मक अवलोकन

  • ईश्वर की पयार्द्धता: यह वचन दिखाता है कि परमेश्वर अपने उद्देश्य के लिए छोटे-छोटे चरणों में मार्ग खोलते हैं—पहचानते हैं कि हमारा विश्वास कितनी बार अस्वीकारिता के बीच से निकलकर उभर सकता है।
  • आवश्यकता से ऊपर का आश्वासन: एलिय्याह को मिले संदेश ने यह स्पष्ट किया कि प्रेरित कदमों के पीछे एक दिव्य योजना है, न कि केवल अस्थाई सहायता।
  • विश्वास की परीक्षा: इस वक्त यह बोलता है कि परमेश्वर तब तक निर्देशित करते हैं जब तक उनकी वाणी स्पष्ट न हो जाए और आवश्यक समर्थन उपलब्ध न हो जाए।

संक्षिप्त थीमैटिक सूची

अनुरूप क्रॉस-रेफरेंसेज

उसी प्रकार के विश्वास और डायरेक्शन के संदेश अन्य किताबों में भी मिलते हैं:

  • यशायाह 40:31— जो भरोसा करते हैं वे यहोवा के द्वारा उन्नत होते हैं। यह दिखता है कि परमेश्वर समय और तरीके से सहायता भेजते हैं।
  • कहानी-उद्धरणों की व्यापकता में रोमियों 8:28— जो मानते हैं कि परमेश्वर हर चीज को मिलाकर भलाई के लिए काम करते हैं, उनके लिए मार्ग खोलते हैं।

दृश्य-आवश्यकता के साथ पर्सेप्शन

यह वचन हमें यह सिखाता है कि कठिन समय में भी परमेश्वर की आवाज स्पष्ट हो सकती है और वह अपनी योजनाओं को पूरा करने के लिए सही समय पर हाथ बढ़ाते हैं। हमें धैर्य और आज्ञाकारी बने रहना चाहिए जब यहोवा के संदेश हमारे सामने आते हैं।

निष्कर्षात्मक अभ्यास

जो लोग कठिन परिस्थितियों में भी परमेश्वर की ओर की आवाज सुनते हैं और उसके निर्देशों पर चलते हैं, वे ईश्वर के भरोसे और आश्रय में रहते हैं। यह वचन एक सुराग देता है कि हमारा कदम नियमों और प्र acogंड पर आधारित होना चाहिए न कि सिर्फ आत्म-आशाओं पर।

*** इस टीका में सार्वजनिक डोमेन में उपलब्ध कुछ प्राचीन और क्लासिक स्रोतों की सामग्री शामिल है। कुछ सामग्री को कृत्रिम बुद्धिमत्ता उपकरणों की सहायता से संसाधित, संक्षिप्त या अनुवादित किया गया हो सकता है। हर व्याख्या को बाइबल के पूरे पाठ और उसके संदर्भ के साथ अवश्य जाँचें। यदि आपको कोई त्रुटि या ऐसा अनुवाद मिले जिसे सुधारने की आवश्यकता हो, तो कृपया हमसे संपर्क करें।

1 राजाओं 17:8 समानांतर पद और संबंधित वचन

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उत्पत्ति 22:14 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
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अब्राहम ने उस स्थान का नाम यहोवा यिरे रखा, इसके अनुसार आज तक भी कहा जाता है, “यहोवा के पहाड़ पर प्रदान किया जाएगा।”

1 राजाओं 17:2 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
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तब यहोवा का यह वचन उसके पास पहुँचा,

यशायाह 41:17 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
यशायाह 41:17 (HINIRV) »
जब दीन और दरिद्र लोग जल ढूँढ़ने पर भी न पायें और उनका तालू प्यास के मारे सूख जाये; मैं यहोवा उनकी विनती सुनूँगा, मैं इस्राएल का परमेश्‍वर उनको त्याग न दूँगा।

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