Old Testament
उत्पत्ति निर्गमन लैव्यव्यवस्था गिनती व्यवस्थाविवरण यहोशू न्यायियों रूत 1 शमूएल 2 शमूएल 1 राजाओं 2 राजाओं 1 इतिहास 2 इतिहास एज्रा नहेम्याह एस्तेर अय्यूब भजन संहिता नीतिवचन सभोपदेशक श्रेष्ठगीत यशायाह यिर्मयाह विलापगीत यहेजकेल दानिय्येल होशे योएल आमोस ओबद्याह योना मीका नहूम हबक्कूक सपन्याह हाग्गै जकर्याह मलाकीChapter
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युक्तिमय अर्थ: यहेजकेल 13:11 का संक्षिप्त स्पष्टकरण
यह वाक्य उन कच्ची पुताई करनेवालों से कहता है कि उनके कार्य का वास्तविक भाग्य असफल होगा—यानी वे अपनी धोखाधड़ी से लोग भ्रमित कर रहे हैं, पर परमेश्वर का निर्णय उन पर लागू होगा और उनका प्रभाव टिक नहीं पाएगा। बड़े जोर की वर्षा, ओले और आँधी जैसी प्रकृतिक संकेत इस संदेश की नर्मी नहीं, बल्कि चेतावनी और दृढ़ शिकायत के रूप में दिए गए हैं कि असत्यकारी जलसों के आनन्दित अहंकार का समय समाप्त हो रहा है।
पृष्ठभूमि
यहेजकेल के युग में यरुशलेम के बाहर और भीतर बहस की थी—रेहरे के पवित्र मंत्री गलत भविष्यवाणी और अस्थिर नींव वाले पुताई-धारक बन गए थे। प्रभु के संदेशवाहक एक कटाक्ष करते हैं: जो लोग पुताई से लोगों को भ्रमित करते हैं और शास्त्र की गहराई और नियम से हटकर भविष्यवाणी करते हैं, वे अपने काम के परिणाम से डरेंगे। यह वाक्य परमेश्वर की सजग निगहबानी और इन्सान की ठगी की सीमा को जाहिर करता है।
व्याख्यात्मक अवलोकन
थीमगत बिंदु
अन्य प्रासंगिक संदर्भ
1) यहेजकेल 12:22-28 — भविष्यवाणी की विश्वसनीयता पर ज़ोर; अगर परमेश्वर कहे तो ही घटने वाला है, अन्यथा नहीं। यह प्रसंग स्पष्ट करता है कि मानव की अडोल वाक्यों पर नहीं, परमेश्वर के शब्द पर टिकना चाहिए।
2) यहशायाह 30:9-11 — असत्य भाषण और गलत भविष्यवाणी के विरुद्ध एक चेतावनी; लोग ऐसे मार्ग चाहते हैं जो आसान और सुखी हों, परन्तु परमेश्वर की राह कठिन पर सत्य है।
3) 2 पतरस 2:1 — समकालीन पुताईकर्ताओं के बारे में क्रिस्ट के हेल्पलाइन: दुष्टों के False prophets आएंगे, पर चेतावनी के साथ न्याय आएगा।
संक्षिप्त व्यावहारिक निष्कर्ष
यह संदेश हमें यह सिखाता है कि धार्मिक कला-शक्ति और ढोंग से सावधान रहना चाहिए। सत्य की कसौटी परमेश्वर के वचन की प्रत्यक्षता है, न कि मानवीय प्रभाव या दिखावे। जो लोग पवित्र लेखन से भटककर अपने-अपने सम्मोहक तंत्र बनाते हैं, वे अंततः नष्ट होंगे; पर जो शब्द के अनुरूप चलेंगे, वे सुरक्षित रहेंगे।
सूक्ष्म उद्धरण नोट
मथ्यू हेनरी, चार्ल्स बार्न्स, और एडम क्लार्क के सार्वजनिक-डायरेक्ट पाठ से समानार्थी विचार यहाँ सम्मिलित हैं; नीचे दिए गए सीधे उद्धरण केवल संदर्भ-स्त्रोत के रूप में उल्लेखित हैं जब वे पाठ में सीधे उपयोग होते हैं:
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योगात्मक Cross-References (संक्षेप अर्थों के साथ)
- यहेजकेल 12:22-28: परमेश्वर की भविष्यवाणी-विश्वसनीयता का आधार; जो कहे वही होगा।
- यहशायाह 30:9-11: आसान-हृदय मार्ग संतुष्टि बनाम सत्य-मार्ग की आवश्यकता।
- 2 पतरस 2:1: भविष्यवाणी में धोखा देने वालों के विरुद्ध न्याय और चेतावनी।