Old Testament
उत्पत्ति निर्गमन लैव्यव्यवस्था गिनती व्यवस्थाविवरण यहोशू न्यायियों रूत 1 शमूएल 2 शमूएल 1 राजाओं 2 राजाओं 1 इतिहास 2 इतिहास एज्रा नहेम्याह एस्तेर अय्यूब भजन संहिता नीतिवचन सभोपदेशक श्रेष्ठगीत यशायाह यिर्मयाह विलापगीत यहेजकेल दानिय्येल होशे योएल आमोस ओबद्याह योना मीका नहूम हबक्कूक सपन्याह हाग्गै जकर्याह मलाकीVerse
मरकुस 10:1 मरकुस 10:2 मरकुस 10:3 मरकुस 10:4 मरकुस 10:5 मरकुस 10:6 मरकुस 10:7 मरकुस 10:8 मरकुस 10:9 मरकुस 10:10 मरकुस 10:11 मरकुस 10:12 मरकुस 10:13 मरकुस 10:14 मरकुस 10:15 मरकुस 10:16 मरकुस 10:17 मरकुस 10:18 मरकुस 10:19 मरकुस 10:20 मरकुस 10:21 मरकुस 10:22 मरकुस 10:23 मरकुस 10:24 मरकुस 10:25 मरकुस 10:26 मरकुस 10:27 मरकुस 10:28 मरकुस 10:29 मरकुस 10:30 मरकुस 10:31 मरकुस 10:32 मरकुस 10:33 मरकुस 10:34 मरकुस 10:35 मरकुस 10:36 मरकुस 10:37 मरकुस 10:38 मरकुस 10:39 मरकुस 10:40 मरकुस 10:41 मरकुस 10:42 मरकुस 10:43 मरकुस 10:44 मरकुस 10:45 मरकुस 10:46 मरकुस 10:47 मरकुस 10:48 मरकुस 10:49 मरकुस 10:50 मरकुस 10:51 मरकुस 10:52



मतलब का सीधा कथन
मरकुस 10:13 में कहा गया है कि लोग बच्चों को यीशु के पास लाते हैं ताकि वे उन पर हाथ रखें। परन्तु उसके चेलों ने उन्हें रोका।
पृष्ठभूमि और संदर्भ
यह वाक्य योहन्ना–प्रेषित दोर में, यीशु के संरक्षण और बाल-आदर के बीच की समझ को दर्शाता है। उस समय के सामाजिक मानदंडों के अनुसार बच्चों को महानुभावों के समकक्ष नहीं माना जाता था; फिर भी यीशु ने बच्चों के साथ प्रेम और मान-प्रतिष्ठा का संकेत दिया। इस घटना में चेलों का रोका जाना यह दर्शाता है कि वे बच्चों के प्रति विशेष ध्यान के बजाय अधिक महत्त्वपूर्ण कार्यों पर ज़ोर डालना चाहते थे, पर यीशु ने स्पष्ट कर दिया कि परमेश्वर के राज्य में बच्चों की आस्था और निर्भरता का स्थान है।
व्याख्यात्मक बिंदु
थीमेटिक सार
संदर्भित क्रॉस-रेफरेंसेस (संक्षेप)
व्यावहारिक निष्कर्ष
अपने समुदाय में सामूहिक प्रभुता नहीं, बल्कि सेवाभाव, सरल विश्वास, और सभी के लिए समान प्रेम को प्राथमिकता दें। बच्चों और नया विश्वास रखने वालों को सुरक्षित और सम्मानित स्थान दें; उनकी निर्भरता और आस्था को प्रेरणा समझें।
इस पाद्रवर्तन के साथ, पारंपरिक मानदंडों से ऊपर उठकर यीशु ने यह प्रमाणित किया कि परमेश्वर के राज्य में हर आत्मा की गरिमा है और आशीर्वाद उन पर भी टिकता है जो सरल और निर्भर हैं।
उद्धरण-नोट: नीचे दिये गए कथनों को Matthew Henry, Albert Barnes या Adam Clarke के खुले पाठ से अगर सीधे उद्धरण प्राप्त हों तो उसे ही चिह्नित किया गया है; अन्य स्थानों पर संकेतन के रूप में उनके विचारों के सार दिए गए हैं।