मरकुस 14:5 बाइबल पद का अर्थ और पद-दर-पद टीका

क्योंकि यह इत्र तो तीन सौ दीनार से अधिक मूल्य में बेचकर गरीबों को बाँटा जा सकता था।” और वे उसको झिड़कने लगे।

पिछला पद
« मरकुस 14:4
अगला पद
मरकुस 14:6 »

मरकुस 14:5 पद-दर-पद बाइबल टीका

मरकुस 14:5 – तत्काल परिस्थिति और संदर्भ

इस पदांक में लोग ईसाई-युग की नज़ाकतपूर्ण घटना में एक अर्चना कर रहे हैं: एक महिला ने यश के लिए अनुयायियों के समूह के बीच श्रेष्ठ इत्र लगा कर यीशु को सम्मानित किया। तभी कुछ लोग ऐसा तर्क दे कर विरोध करते हैं कि यह महँगा इत्र waste हो रहा है—सोना-चाँदी नहीं बल्कि तीन सौ दीनार से अधिक मूल्य का इत्र—और गरीबों के लिए नहीं, बल्कि मोहक इशारे के रूप में भी तरह-तरह के प्रश्न उठते हैं। यह दृश्य येसु के समकक्ष प्रेम और समर्पण के बारे में गहन संवेदना को उजागर करता है।

पद के पाठ से क्या सीख मिलती है

इस पाठ से यह स्पष्ट होता है कि परमेश्वर के राज्य के लिए सर्वोच्च प्रेम, निष्ठा और समर्पण कभी-कभी मानक मानकों से ऊपर उठकर व्यक्त होते हैं। यीशु ने भावपूर्ण इज़हार—तत्वतः एक अप्रतिम भक्ति—को स्वीकार किया, और कहा कि यह कार्य उसके मृत्यु-यात्रा के निकट है, जिसे वह अपने शिष्यों के साथ स्मरण के रूप में आगे बढ़ाएंगे। यह दर्शाता है कि ईश्वर के उपहार और सेवाएं कैसे मूल्यवादी विचारों से परे जा कर एक नया क्षण बनाती हैं, जो हमारे जीवन के उद्देश्य का उद्घाटन करती हैं।

पवित्रता, दया और विवेकपूर्ण निर्णय

कथन में जिस इत्र की बात है, वह बहुमूल्य है—परन्तु इसका मूल्य शरीर की जरूरतों के लिए नहीं, बल्कि प्रभु को सम्मान देने के लिए समर्पित है। कुछ ने गरीबों की चिंता को उठाते हुए इसका विरोध किया, पर यीशु ने कहा कि इस भव्य प्रेम में एक नई शिक्षा है: प्रेम ऐसे अवसरों को बाँटना जिसमें एक ओर देह की जरूरत है और दूसरी ओर परमेश्वर की महिमा। इसका मतलब यह है कि परमेश्वर के राज्य में दया और मूल्यांकन एक साथ चलते हैं; विवेकपूर्ण निर्णय वह होते हैं जो अनुदान-स्वरूप भलाई को बढ़ावा दें, न कि सच्चेाने के साथ बाधित हों।

शब्दों की स्पष्टता पर प्रकाश

इत्र का मूल्य अत्यधिक था—यह एक अत्यंत बहुमूल्य संकेत है कि भक्ति में धन की सीमा नहीं होती। “गरीबों के लिए बाँटने” का विचार एक सामाजिक-नैतिक दायित्व को भी दर्शाता है: गरीबों की सहायता करना परमेश्वर के दिल के साथ जुड़ा हुआ है। लेकिन यहाँ प्रभु के सामने भक्ति का स्वरूप एक ऐसी आस्था है, जो यह कहती है कि प्रेम का एक कदम परमेश्वर के लिए सब कुछ करने जैसा है।

अन्य संदर्भ जो विचार की रोशनी डालते हैं

  • युहना 12:3 में मरकुस-संवेदना के समान भाव: बहुमूल्य महक से भरे कार्य का एक स्थायी स्मारक बनना।
  • लूका 7:37-38 में एक महिला के प्रेमपूर्ण आचरण के साथ प्रसंग: भक्ति की महिमा और समाज की संज्ञा की सीमा।
  • मत्ती 26:13 में प्रभु का घोषणात्मक कथन: भक्ति के एक अंश के रूप में कार्य का महत्त्व प्रस्तुति।

इन संदर्भों से यह समझ आता है कि ईश्वर के सामने भक्ति का स्वरूप केवल शब्दों या रीतियों तक सीमित नहीं है; यह जीवन-भर के प्रेम, समर्पण और दयालुता के क्रियात्मक पहलुओं का सम्मिलन है।

आज के जीवन में अनुप्रयोग

- प्रभु के प्रति समर्पण को ऐसे क्षणों में भी स्वीकार करें जो अक्सर साधारण लगते हैं; प्रेम का यह उग्र प्रदर्शन हमारी सामाजिक नैतिकता को उजागर करता है।

- मूल्य की संवेदना बनाए रखें, पर प्रेम के नाम पर किसी आवश्यक सहायता से पीछे न हटें; विवेक के साथ भेंट-हार और सेवाओं को संतुलित करें।

- समुदाय के गरीबों के लिए सहायता और समर्थन को नियमित बनाएं, ताकि विश्वास-कथाव का वास्तविक प्रभाव दिख सके।

टेक्निकल नोट

यह पाठ हिनिर्व (Hin irv) अनुवाद के अनुसार प्रस्तुत है। नीचे दी गई उद्धरण-रेखा उद्धृत नहीं, बल्कि पाठ के विचार के साथ जुड़ी विवेचना है।

संक्षेप सार

इस दृश्य की गूढ़ शिक्षा यह है कि परमेश्वर के राज्य में प्रेम, भक्ति और दया एक साथ चलते हैं। यह बतलाता है कि कभी-कभी अत्यंत बहुमूल्य प्रेम के प्रकाश में एक अनुठी भेंट भी生命-बिजली बन सकती है, जो यीशु की भूमिका और उसकी मृत्यु-यात्रा के साथ एक नया पाठ स्थापित करती है।

नोट: मैथ्यू हेनरी, ऐलबर्ट बार्न्स और एडम क्लार्क के उपयुक्त उद्धरण तब इस्तेमाल होते, जब उनके विश्लेषण सीधे तौर पर पाठ से मेल खाते हों; यहाँ इनकी संक्षिप्त सारगठनात्मक भूमिका एकीकृत रूप से प्रस्तुत की गई है।

*** इस टीका में सार्वजनिक डोमेन में उपलब्ध कुछ प्राचीन और क्लासिक स्रोतों की सामग्री शामिल है। कुछ सामग्री को कृत्रिम बुद्धिमत्ता उपकरणों की सहायता से संसाधित, संक्षिप्त या अनुवादित किया गया हो सकता है। हर व्याख्या को बाइबल के पूरे पाठ और उसके संदर्भ के साथ अवश्य जाँचें। यदि आपको कोई त्रुटि या ऐसा अनुवाद मिले जिसे सुधारने की आवश्यकता हो, तो कृपया हमसे संपर्क करें।

मरकुस 14:5 समानांतर पद और संबंधित वचन

उन बाइबल पदों को देखें जो विषय, शिक्षा या संदर्भ के आधार पर इस अंश से जुड़े हैं। समानांतर पदों की तुलना करने से इस वचन के संदर्भ और संदेश को अधिक गहराई से समझने में सहायता मिलती है। किसी चित्र को चुनें और संबंधित पद, उसकी व्याख्या तथा पद-दर-पद बाइबल टीका देखें।

यूहन्ना 13:29 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
यूहन्ना 13:29 (HINIRV) »
यहूदा के पास थैली रहती थी, इसलिए किसी-किसी ने समझा, कि यीशु उससे कहता है, कि जो कुछ हमें पर्व के लिये चाहिए वह मोल ले, या यह कि गरीबों को कुछ दे।

निर्गमन 16:7 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
निर्गमन 16:7 (HINIRV) »
और भोर को तुम्हें यहोवा का तेज देख पड़ेगा, क्योंकि तुम जो यहोवा पर बड़बड़ाते हो उसे वह सुनता है। और हम क्या हैं कि तुम हम पर बड़बड़ाते हो?”

व्यवस्थाविवरण 1:27 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
व्यवस्थाविवरण 1:27 (HINIRV) »
अपने-अपने डेरे में यह कहकर कुड़कुड़ाने लगे, 'यहोवा हम से बैर रखता है, इस कारण हमको मिस्र देश से निकाल ले आया है, कि हमको एमोरियों के वश में करके हमारा सत्यानाश कर डाले।

मरकुस 14 (HINIRV) Verse Selection

मरकुस 14:1 मरकुस 14:2 मरकुस 14:3 मरकुस 14:4 मरकुस 14:5 मरकुस 14:6 मरकुस 14:7 मरकुस 14:8 मरकुस 14:9 मरकुस 14:10 मरकुस 14:11 मरकुस 14:12 मरकुस 14:13 मरकुस 14:14 मरकुस 14:15 मरकुस 14:16 मरकुस 14:17 मरकुस 14:18 मरकुस 14:19 मरकुस 14:20 मरकुस 14:21 मरकुस 14:22 मरकुस 14:23 मरकुस 14:24 मरकुस 14:25 मरकुस 14:26 मरकुस 14:27 मरकुस 14:28 मरकुस 14:29 मरकुस 14:30 मरकुस 14:31 मरकुस 14:32 मरकुस 14:33 मरकुस 14:34 मरकुस 14:35 मरकुस 14:36 मरकुस 14:37 मरकुस 14:38 मरकुस 14:39 मरकुस 14:40 मरकुस 14:41 मरकुस 14:42 मरकुस 14:43 मरकुस 14:44 मरकुस 14:45 मरकुस 14:46 मरकुस 14:47 मरकुस 14:48 मरकुस 14:49 मरकुस 14:50 मरकुस 14:51 मरकुस 14:52 मरकुस 14:53 मरकुस 14:54 मरकुस 14:55 मरकुस 14:56 मरकुस 14:57 मरकुस 14:58 मरकुस 14:59 मरकुस 14:60 मरकुस 14:61 मरकुस 14:62 मरकुस 14:63 मरकुस 14:64 मरकुस 14:65 मरकुस 14:66 मरकुस 14:67 मरकुस 14:68 मरकुस 14:69 मरकुस 14:70 मरकुस 14:71 मरकुस 14:72

HINIRV बाइबल की पुस्तक चुनें