Old Testament
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2 कुरिन्थियों 9:5 बाइबल पद का अर्थ और पद-दर-पद टीका
इसलिए मैंने भाइयों से यह विनती करना अवश्य समझा कि वे पहले से तुम्हारे पास जाएँ, और तुम्हारी उदारता का फल जिसके विषय में पहले से वचन दिया गया था, तैयार कर रखें, कि यह दबाव से नहीं परन्तु उदारता के फल की तरह तैयार हो।
2 कुरिन्थियों 9:5 पद-दर-पद बाइबल टीका
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2 कुरिन्थियों 9:5 समानांतर पद और संबंधित वचन
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उत्पत्ति 33:11 (HINIRV) »
इसलिए यह भेंट, जो तुझे भेजी गई है, ग्रहण कर; क्योंकि परमेश्वर ने मुझ पर अनुग्रह किया है, और मेरे पास बहुत है।” जब उसने उससे बहुत आग्रह किया, तब उसने भेंट को ग्रहण किया।

1 शमूएल 25:27 (HINIRV) »
और अब यह भेंट जो तेरी दासी अपने प्रभु के पास लाई है, उन जवानों को दी जाए जो मेरे प्रभु के साथ चलते हैं।

फिलिप्पियों 4:17 (HINIRV) »
यह नहीं कि मैं दान चाहता हूँ परन्तु मैं ऐसा फल चाहता हूँ, जो तुम्हारे लाभ के लिये बढ़ता जाए।
इस आयत का सरल अर्थ
इस पवित्र लेख में पौलूस कह रहे हैं कि प्रेरितों ने क्रिश्चियन समुदाय से एक बार पुनः यह विनती की है कि वे पहले से निर्गम दे कर जो उदारता दिखानी है, उसे दबाव के बिना, प्रसन्नता के साथ और उदारता के फल के रूप में प्रस्तुत करें। उद्देश्य यह है कि दान में किसी प्रकार का दबाव न हो, बल्कि दाता की खुशी और प्रेम की प्रतिक्रिया बने।
संदर्भ और पृष्ठभूमि
2 कुरिन्थियों के पत्र में पौलूस सामुदायिक दान की लागत और आत्म-समर्पण की बात करते हैं। पहले से निश्चित योजना बनाकर, कुरिन्थियों से यह अपेक्षा की गई थी कि वे विशेष दान दें ताकि जरूरतमंद ईसाई भाइयों की सहायता हो सके। इस आयत में कहा गया है कि दान की तयारी और उसका वितरण “दबाव” के बिना हो, यह दर्शाता है कि दान एक प्रेम-कार्य है, ज़रूरतमंदों के प्रति सत्य और उदारता के कारण प्रेरित होना चाहिए, न कि किसी प्रकार के दबाव या सम्मान-लाभ के लिए.
व्याख्यात्मक विचार
2-3 Cross-References और उनका संक्षिप्त अर्थ
- मरकुस 12:41-44: एक गरीब विधवा के दान में कुल संपत्ति का छोटा कण भी परमेश्वर के दृष्टिकोण से अत्यंत मूल्यवान माना गया। यह आयत तुलना में यह दिखाती है कि दान की मात्रा नहीं, बल्कि दिल की आत्मा है।
- लूका 6:38: उदारता और दान-प्रक्रिया के बोझल दायित्व नहीं, बल्कि मापने योग्य और बहते हुए उपाय के साथ लौटती हैं—तुम्हें ही ऐसे तरीकों से लौटाया जाएगा जो तुम्हारे लिए लाभकारी हों।
- अध्याय 9:7 (यही अध्याय): हर व्यक्ति जो तौल कर देता है, वह खुशी से दे, निर्बलता से नहीं; प्रेमयुक्त और उदार हृदय का प्रमाण है।
छोटा thematic सारांश
प्रयोगात्मक निष्कर्ष
आज के संदर्भ में इस आयत से प्रेरणा मिलती है कि हम देने की तैयारी को प्रेम-आधार पर बनाएं। दान में संकल्प और खुशी एक साथ चलें—ताकि जो जरूरतमंद हैं उनके जीवन में वास्तविक सहायता पहुँचे और हमारा दिल भी परमप्रशंसा के साथ उन्नत हो।
उद्धरण नोट
यदि चाहिए, निम्न विदेशी पवित्र टिप्पणीकारों के संक्षिप्त विचार संदर्भित हैं: मैथ्यू हेनरी, एल्बर्ट बर्न्स, एडम क्लार्क के विचारों के छोटे-छोटे उद्धरण सार रूप में शामिल किए जा सकते हैं। इनमें से कोई भी स्पष्ट उद्धरण केवल तभी दोहराया जाएगा जब वह पाठ में सीधे प्रासंगिक हो।