Old Testament
उत्पत्ति निर्गमन लैव्यव्यवस्था गिनती व्यवस्थाविवरण यहोशू न्यायियों रूत 1 शमूएल 2 शमूएल 1 राजाओं 2 राजाओं 1 इतिहास 2 इतिहास एज्रा नहेम्याह एस्तेर अय्यूब भजन संहिता नीतिवचन सभोपदेशक श्रेष्ठगीत यशायाह यिर्मयाह विलापगीत यहेजकेल दानिय्येल होशे योएल आमोस ओबद्याह योना मीका नहूम हबक्कूक सपन्याह हाग्गै जकर्याह मलाकी2 कुरिन्थियों 9:8 बाइबल पद की व्याख्या
2 कुरिन्थियों 9:8 बाइबल पद का अर्थ और पद-दर-पद टीका
परमेश्वर सब प्रकार का अनुग्रह तुम्हें बहुतायत से दे सकता है*। जिससे हर बात में और हर समय, सब कुछ, जो तुम्हें आवश्यक हो, तुम्हारे पास रहे, और हर एक भले काम के लिये तुम्हारे पास बहुत कुछ हो।
2 कुरिन्थियों 9:8 पद-दर-पद बाइबल टीका
*** इस टीका में सार्वजनिक डोमेन में उपलब्ध कुछ प्राचीन और क्लासिक स्रोतों की सामग्री शामिल है। कुछ सामग्री को कृत्रिम बुद्धिमत्ता उपकरणों की सहायता से संसाधित, संक्षिप्त या अनुवादित किया गया हो सकता है। हर व्याख्या को बाइबल के पूरे पाठ और उसके संदर्भ के साथ अवश्य जाँचें। यदि आपको कोई त्रुटि या ऐसा अनुवाद मिले जिसे सुधारने की आवश्यकता हो, तो कृपया हमसे संपर्क करें।
2 कुरिन्थियों 9:8 समानांतर पद और संबंधित वचन
उन बाइबल पदों को देखें जो विषय, शिक्षा या संदर्भ के आधार पर इस अंश से जुड़े हैं। समानांतर पदों की तुलना करने से इस वचन के संदर्भ और संदेश को अधिक गहराई से समझने में सहायता मिलती है। किसी चित्र को चुनें और संबंधित पद, उसकी व्याख्या तथा पद-दर-पद बाइबल टीका देखें।

इफिसियों 3:20 (HINIRV) »
अब जो ऐसा सामर्थी है, कि हमारी विनती और समझ से कहीं अधिक काम कर सकता है, उस सामर्थ्य के अनुसार जो हम में कार्य करता है,

फिलिप्पियों 4:18 (HINIRV) »
मेरे पास सब कुछ है, वरन् बहुतायत से भी है; जो वस्तुएँ तुम ने इपफ्रुदीतुस के हाथ से भेजी थीं उन्हें पा कर मैं तृप्त हो गया हूँ, वह तो सुखदायक सुगन्ध और ग्रहण करने के योग्य बलिदान है, जो परमेश्वर को भाता है। (इब्रा. 13:16)

2 कुरिन्थियों 9:8 — संदर्भ और संदेश
पद क्रम में, पौलुस ने कुरिन्थियों को व्यवस्थाओं के साथ-साथ उदारता की बुनियाद के बारे में प्रेरित किया। संदर्भ यह है कि धीरे-धीरे उधार या दान देना नहीं, बल्कि परमेश्वर की अनुग्रह की व्यापकता से वह उदारता पृथक नहीं रहती। यहाँ कहा गया है कि परमेश्वर सब प्रकार का अनुग्रह तुम्हें बहुतायत से दे सकता है, ताकि हर बात में और हर समय, तुम्हारे पास आवश्यक चीजें रहें और हर एक भले काम के लिए तुम्हारे पास बहुत कुछ हो। यह संदेश धन-उधार नहीं, बल्कि आंतरिक परिवर्तन और कृतज्ञता के साथ उभरे दान-प्रवाह के बारे में है।
मुख्य बिंदु और केंद्रित स्मरण
परमेश्वर का अनुग्रह अनुपम है; जब वह उदारता की राह खोलते हैं, तब वह हमारे भीतर आवश्यकताओं के साथ-साथ दूसरों के लिए भी पर्याप्त से अधिक भर देते हैं। यह उल्लेख विवेकपूर्ण संतुलन पर है—संतोष और उदारता के साथ, ताकि देनहार न ही कमी में रहे और न ही अभिमान में डूबे।
मुख्य थीम्स
अन्य प्रासंगिक संदर्भ
1) बिलुकुल विश्वास के साथ दें: प्रेरितों के काम 20:35, जहाँ यीशु के शब्द “खुद से कुछ नहीं चाहिए” देखकर प्रेरित अपनी उदारता का आदर्श बताते हैं।
2) परमेश्वर की दृष्टि से धन का उद्देश्य: मलाकी 3:10 जैसी बातें दिखाती हैं कि चमत्कारिक आशीष तब आते हैं जब दिल इस प्रकार देता है कि वह परमेश्वर के दोषरहित प्रेम के प्रतिरूप बनता है।
3) क्रिया बनाम प्रेरणा: गलातियों 6:9—“कभी थकना नहीं; क्योंकि सही समय पर हम फसल पाएंगे”—यह भी यह पुष्ट करता है कि धैर्यपूर्वक देनाय हमेशा परिणाम लाती है।
विचार-योग्य क्रॉस-रेफरेंस और संक्षिप्त व्याख्या
• फिलिप्पियों 4:19 — परमेश्वर की समस्त समृद्धि से आपके सभी आवश्यक पूर्ण होंगे; यह वादा हमारी दान-प्रवृत्ति की आत्मा-आधारित पुष्टि है।
• प्रेरितों के काम 4:32-35 — समुदाय में साझा करना और उदारता से वरण—सेवा और एकता का आदर्श।
• याकूब 2:14-17 — क्रियात्मक विश्वास के साथ दया-कार्य का संयोजन, ताकि उत्कंठित विश्वास जीवित रहे।
व्यावहारिक विचार
- अपने दान की तयारी ऐसे करें जो दो बातों को संतुष्ट करे: (1) जरूरतमंदों की सहायता, (2) समुदाय की प्रगति।
- आंतरिक प्रसन्नता बनाये रखें: जो कुछ भी दें, उसे निःस्वार्थता से दें ताकि हृदय में निर्भीकता और विनम्रता बनी रहे।
- हर समय के लिए पर्याप्तता के विश्वास को बनाए रखें—परमेश्वर की आपूर्ति पर निर्भर रहें, न कि स्वयं की कमी से प्रेरित भय से।
संक्षिप्त निष्कर्ष
2 कुरिन्थियों 9:8 में परमेश्वर की अनुग्रहपूर्ण आपूर्ति की गारंटी है, ताकि हर आवश्यकता पूरी हो सके और हर भला काम आगे बढ़े। यह सिर्फ आर्थिक दान का पाठ नहीं, बल्कि आंतरिक बदलाव, विश्वास और उदारता के चक्र का पाठ है जिसका उद्देश्य सामुदायिक जीवन को समृद्ध करना है।
पूर्व-स्थिति उद्धरण (उद्धृत मिलान)
यदि आवश्यक हो, नीचे से पाठ-उद्योग के कारण I. Matthew Henry, Albert Barnes, Adam Clarke के संक्षेप उद्धरण उपलब्ध कराएं, लेकिन पूर्ण पाठ नहीं।