Old Testament
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न्यायियों 7:2 - आगे बढ़ती परीक्षा और भरोसे का मार्ग
यह पाठ न्यायियों की किताब में गिदोन की कथा का हिस्सा है जहाँ इज़राइल पर मिद्यानियों का दमन बना रहता है। ईश्वर यह बताने के लिए वापस संकेत दे रहे हैं कि बिशिष्टता और सुरक्षा धर्म की नहीं, बल्कि दाऊदी गिनती की नहीं है। यहाँ मंतरित प्रश्न यह है कि परमेश्वर कौन से तरीके से अपने लोगों को स्पष्ट करके दिखाते हैं कि वे उसकी कृपा से सशक्त हैं, ताकि वे अपनी ज़िम्मेदारी पहचानें और परमेश्वर की महिमा करें।
Verse का पाठ-स्थिर संकेत
जब यहोवा गिदोन से कहते हैं कि वे इतने लोग नहीं हैं, कि मिद्यानियों को उनके हाथ से हराया जा सके, तो इसका उद्देश्य यह है कि सफलता का आधार मानव शक्ति में नहीं, बल्कि परमेश्वर की सहायता में हो। इस चेतावनी के पीछे यह प्रेरणा है कि इज़राइल अपने उद्धार को अपने स्त्रोत से वजूद में लाए, न कि अपने भुजबल पर गर्व करे।
कChapter में इसका मुख्य संदेश
इस अध्याय में दो निशान स्पष्ट होते हैं: पहले, परमेश्वर की योजना मानव अनुमान से बड़ी होती है—कम संख्या के बावजूद भी deviation और भय का कारण बनती है। दूसरे, यहोवा यह बताते हैं कि कमजोर लोग भी यदि उनकी शक्ति परमेश्वर के आश्वासन में है, तो वे निर्भर रहकर अजेय बन सकते हैं। गिदोन का उत्तरदायित्व यही है कि वे परमेश्वर से सहायता मांगकर आगे बढ़ें, न कि अपने बल पर गर्व करें।
मुख्य आध्यात्मिक सीख
अनुसंगत बाइबिल क्रॉस-रेफरेंस
- यशायाह 54:17: परमेश्वर के बचाव के साथ हर तंत्र की नाश हो जाती है; यह संकेत उसी भरोसे की मांग करता है जो यहाँ गिदोन के साथ है।
- 2 कुरिन्थियों 12:9: परमेश्वर की Grace हमारी कमजोरी में शक्ति बनती है; यहाँ भी ईश्वर कहते हैं कि मेरी कृपा sufficient है।
- जेम्स 4:6: परमेश्वर ऊँच-नीच को उच्च नहीं मानता बल्कि अपने आप को नम्र बनाने वालों पर अनुग्रह डालता है।
व्यावहारिक अनुप्रयोग
कैसे इस पाठ को अपने जीवन में लगाएं
यदि आप किसी विशाल बाधा से जूझ रहे हैं, तो स्मरण रखें कि भगवान की योजना अक्सर आपके आंकड़ों से बड़ी होती है। अपना प्रयत्न दें, पर परिणाम की सुरक्षा परमेश्वर की दृष्टि पर छोड़ दें, ताकि उसकी महिमा हो सके।
संक्षेपित निष्कर्ष
न्यायियों 7:2 यह सिखाता है कि ईश्वर की शक्ति मानव योग्यता से परे है। छोटी संख्या भी यदि परमेश्वर की सहायता से चलती है, तो নিশ্চिन्त रूप से बड़ी विजय पाती है।
जो rozdokes उद्धरण: Matthew Henry, Albert Barnes, Adam Clarke के उल्लेखित विचार आवश्यकतानुसार संसाधन रूप में पुराने-प्रकटन.commentary से प्रेरित लेकिन यहाँ मौलिक रूप से समाहित हैं; विशेष उद्धरण के लिए नीचे संकेत दिए गए हैं:
“यह वही बात है जो हमें नम्र बनाती है—कि हमारी भलाई परमेश्वर के भरोसे पर है।”
अनुमत उद्धरण (short quotes):
“The Lord’s strength is made perfect in weakness.”