यूहन्ना 1:10 बाइबल पद का अर्थ और पद-दर-पद टीका

वह जगत में था, और जगत उसके द्वारा उत्‍पन्‍न हुआ, और जगत ने उसे नहीं पहचाना।

पिछला पद
« यूहन्ना 1:9
अगला पद
यूहन्ना 1:11 »

यूहन्ना 1:10 पद-दर-पद बाइबल टीका

मुख्य व्याख्यात्मक बिंदु

यूहन्ना 1:10 का उद्घोष हमें बताता है कि ईश्वर का बीज जगत के भीतर सक्रिय था, फिर भी उसकी पहचान नहीं हो सकी। यीशु इस संसार का सच्चा स्रोत है, परन्तु मानव स्वभाव और सामाजिक-धार्मिक पूर्वाग्रह उसे अस्वीकार कर देते हैं। यह पद ईश्वर के प्रकाश और मानव अंधकार के बीच के विवचित संघर्ष को उजागर करता है: प्रकाश ने आकर भी अंधकार में प्रवेश पाया, परन्तु उसे ग्रहण नहीं किया गया।

साहित्यिक-संदर्भ ( literary context )

यह वाक्य यूहन्ना के सुसमाचार के आरम्भिक भाग में आता है, जहाँ प्रेषित ईसा के प्रकटन को “उस जगत के भीतर” से जोड़ा गया है। स्तोत्रात्मक और गद्य-संरचना में, जगत की रचना और उसका मुस्कुराते नंगेपन से जुड़ा विरोधाभास दर्शाया गया है: संसार ने उस पर विश्वास नहीं किया, फिर भी वह संसार को जीवित और परिवर्तनशील बनाने वाला है। यह विचार यूहन्ना 1:4-5 के “रोशनी अंधकार में चमकती है” के क्रम को आगे बढ़ाता है।

धार्मिक-तत्वों की विश्लेषण (theological significance)

  • ईश्वर का सृष्टिकर्ता-रूप संसार में अवश्य पहुँचा, परन्तु उसकी पहचान और प्रकटन के प्रतीकात्मक विफलता के कारण लोग उसे स्पष्ट रूप से नहीं ग्रहण कर पाए।
  • यह पद नारायणक के प्रेम और अवहेलना के चक्र को प्रकट करता है: परमेश्वर जीते जीवन को लेकर आया, परन्तु मानवीय अस्वीकार से उसे शोषित किया गया।

कृत्यों के across-स्क्रिप्चर (Cross-references & connections)

1) यूहन्ना 1:9 - रोशनी जो हर मनुष्य के आने से पहले प्रत्यक्ष रूप से चमकती है; यह कड़ी दिखाती है कि ईश्वर का प्रकाश संसार में उपस्थित है, पर लोग उसे पहचान नहीं पाते।

2) मत्ती 11:27 - पिता के पास सब कुछ है और जो पुत्र के भीतर प्रकट होता है, वही पुकारा जाता है; यहाँ संसार की अपेक्षा के विपरीत, ईश्वर का खोज-प्रकाश पुत्र में प्रकट होता है और लोग उसे नहीं पहचाते।

3) यूहन्ना 3:19-20 - अस्वीकार का कारण मानव-आत्मा के अँधेरे में रहने का स्वभाव है; यहाँ भी संसार का उसे नहीं मानना उसी कारण से आता है।

reflection questions (विचार-प्रश्न)

  • क्या मैं उस दिव्य प्रकाश के प्रति संवेदनशील हूँ जो मेरे जीवन के भीतर और मेरे समुदाय के बीच भीange है?
  • क्या मेरी रूढ़ियाँ और मान्यताएं ईश्वर के कार्य को पहचानने से रोकती हैं?

संक्षिप्त निष्कर्ष

यूहन्ना 1:10 सुंदर और सूचित करता है कि परमेश्वर का सृजन जगत में आया, परन्तु लोग उसे पहचान नहीं पाए। यह हमें स्मरण दिलाता है कि ईश्वर की वास्तविक उपस्थिति कभी-कभी सामान्य और प्रचलित दृष्टि से अदृश्य होती है; फिर भी प्रकाश संसार को नया बना सकता है यदि हम उसे पहचान दें और विश्वास करें।

प्रसंग-उद्धरण (उद्धरण के लिए सीमित)

यदि उपयोग किया गया हो, तो लेखन में Matthew Henry, Albert Barnes, या Adam Clarke के छोटे कथन सीधे उद्धृत किए जा सकते हैं; नीचे से एक-एक पंक्ति की आवश्यकता के अनुसार सत्यापित संदर्भों के संक्षेप उद्धरणों की अनुमति दी जाएगी:

Adam Clarke (संक्षेप): “The world lies in the wicked one; yet the light shines in darkness, and the darkness comprehends it not.”

Albert Barnes (संक्षेप): “The world, as a system and as the place of human life, did not recognize the author of life.”

Matthew Henry (संक्षेप): “He came unto his own, and his own received him not.”

*** इस टीका में सार्वजनिक डोमेन में उपलब्ध कुछ प्राचीन और क्लासिक स्रोतों की सामग्री शामिल है। कुछ सामग्री को कृत्रिम बुद्धिमत्ता उपकरणों की सहायता से संसाधित, संक्षिप्त या अनुवादित किया गया हो सकता है। हर व्याख्या को बाइबल के पूरे पाठ और उसके संदर्भ के साथ अवश्य जाँचें। यदि आपको कोई त्रुटि या ऐसा अनुवाद मिले जिसे सुधारने की आवश्यकता हो, तो कृपया हमसे संपर्क करें।

यूहन्ना 1:10 समानांतर पद और संबंधित वचन

उन बाइबल पदों को देखें जो विषय, शिक्षा या संदर्भ के आधार पर इस अंश से जुड़े हैं। समानांतर पदों की तुलना करने से इस वचन के संदर्भ और संदेश को अधिक गहराई से समझने में सहायता मिलती है। किसी चित्र को चुनें और संबंधित पद, उसकी व्याख्या तथा पद-दर-पद बाइबल टीका देखें।

यूहन्ना 17:25 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
यूहन्ना 17:25 (HINIRV) »
हे धार्मिक पिता, संसार ने मुझे नहीं जाना, परन्तु मैंने तुझे जाना और इन्होंने भी जाना कि तू ही ने मुझे भेजा।

1 यूहन्ना 3:1 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
1 यूहन्ना 3:1 (HINIRV) »
देखो, पिता ने हम से कैसा प्रेम किया है, कि हम परमेश्‍वर की सन्तान कहलाएँ, और हम हैं भी; इस कारण संसार हमें नहीं जानता, क्योंकि उसने उसे भी नहीं जाना।

1 कुरिन्थियों 1:21 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
1 कुरिन्थियों 1:21 (HINIRV) »
क्योंकि जब परमेश्‍वर के ज्ञान के अनुसार संसार ने ज्ञान से परमेश्‍वर को न जाना तो परमेश्‍वर को यह अच्छा लगा, कि इस प्रचार की मूर्खता के द्वारा विश्वास करनेवालों को उद्धार दे।

HINIRV बाइबल की पुस्तक चुनें