Old Testament
उत्पत्ति निर्गमन लैव्यव्यवस्था गिनती व्यवस्थाविवरण यहोशू न्यायियों रूत 1 शमूएल 2 शमूएल 1 राजाओं 2 राजाओं 1 इतिहास 2 इतिहास एज्रा नहेम्याह एस्तेर अय्यूब भजन संहिता नीतिवचन सभोपदेशक श्रेष्ठगीत यशायाह यिर्मयाह विलापगीत यहेजकेल दानिय्येल होशे योएल आमोस ओबद्याह योना मीका नहूम हबक्कूक सपन्याह हाग्गै जकर्याह मलाकीजकर्याह 12:2 बाइबल पद की व्याख्या
जकर्याह 12:2 बाइबल पद का अर्थ और पद-दर-पद टीका
“देखो, मैं यरूशलेम को चारों ओर की सब जातियों के लिये लड़खड़ा देने के नशा का कटोरा ठहरा दूँगा; और जब यरूशलेम घेर लिया जाएगा तब यहूदा की दशा भी ऐसी ही होगी।
जकर्याह 12:2 पद-दर-पद बाइबल टीका
*** इस टीका में सार्वजनिक डोमेन में उपलब्ध कुछ प्राचीन और क्लासिक स्रोतों की सामग्री शामिल है। कुछ सामग्री को कृत्रिम बुद्धिमत्ता उपकरणों की सहायता से संसाधित, संक्षिप्त या अनुवादित किया गया हो सकता है। हर व्याख्या को बाइबल के पूरे पाठ और उसके संदर्भ के साथ अवश्य जाँचें। यदि आपको कोई त्रुटि या ऐसा अनुवाद मिले जिसे सुधारने की आवश्यकता हो, तो कृपया हमसे संपर्क करें।
जकर्याह 12:2 समानांतर पद और संबंधित वचन
उन बाइबल पदों को देखें जो विषय, शिक्षा या संदर्भ के आधार पर इस अंश से जुड़े हैं। समानांतर पदों की तुलना करने से इस वचन के संदर्भ और संदेश को अधिक गहराई से समझने में सहायता मिलती है। किसी चित्र को चुनें और संबंधित पद, उसकी व्याख्या तथा पद-दर-पद बाइबल टीका देखें।

जकर्याह 14:14 (HINIRV) »
यहूदा भी यरूशलेम में लड़ेगा, और सोना, चाँदी, वस्त्र आदि चारों ओर की सब जातियों की धन सम्पत्ति उसमें बटोरी जाएगी।

भजन संहिता 75:8 (HINIRV) »
यहोवा के हाथ में एक कटोरा है, जिसमें का दाखमधु झागवाला है; उसमें मसाला मिला है*, और वह उसमें से उण्डेलता है, निश्चय उसकी तलछट तक पृथ्वी के सब दुष्ट लोग पी जाएँगे। (यिर्म. 25:15, प्रका. 14:10, प्रका. 16:19)

यशायाह 51:22 (HINIRV) »
तेरा प्रभु यहोवा जो अपनी प्रजा का मुकद्दमा लड़नेवाला तेरा परमेश्वर है, वह यह कहता है, “सुन, मैं लड़खड़ा देनेवाले मद के कटोरे को अर्थात् अपनी जलजलाहट के कटोरे को तेरे हाथ से ले लेता हूँ; तुझे उसमें से फिर कभी पीना न पड़ेगा;
जकर्याह 12:2 का सरल अर्थ
येरूशलेम को चारों ओर मिलाकर नशे के कटोरे के समान बना दिया जाएगा ताकि वह सब जातियों के लिए परीक्षा बन जाए; और जब येरूशलेम घेर लिया जाएगा, तो यहूदा की दशा भी उसी तरह की होगी।
संदर्भ पृष्ठभूमि
यह भविष्यवाणी परमेश्वर द्वारा जकर्याह के द्वारा दी गई है, जिसमें येरूशलेम के भविष्य के संघर्षों के बारे में चेतावनी है। उस समय पड़ोसी राष्ट्रों की दृष्टि से येरूशलेम एक टकराव के केन्द्र में होगा; चारों ओर से उसकी घेराबंदी होगी, जिससे शहर के भीतर और बाहर दोनों जगह संकट उपस्थित होगा। यह न्याय और दया के विभाग में परमेश्वर की योजनाओं का भाग है, जिसमें यहूदियों के विश्वास और आत्म-निरीक्षण को उभारना है।
व्याख्यात्मक अवलोकन
- चारों ओर का नशे का कटोरा: यह वह दमनकारी स्थिति है जिसमें राष्ट्र एक-दूसरे के विरुद्ध कठोर हो जाते हैं और येरूशलेम को अस्थिर करने के लिए दबाव डालते हैं। परन्तु यह कटोरा परमेश्वर के नियंत्रण में है, जो लोगों के हृदयों को पवित्र करने का काम करता है।
- येरूशलेम घेरना: यह शहर के लिये एक निर्णायक परीक्षा है—विश्वास की कसौटी। परमेश्वर यह चेतावनी देता है कि घेराबंदी आने पर भी उसकी योजना बना रहेगा और परिणाम वहाँ रहने वालों की आत्माओं और आस्थाओं पर गहरा प्रभाव डालेंगे।
- यहूदिया की दशा: पूर्व में जय-जयकार के साथ बहादुरी दिखाने वाले लोग भी इस संकट के वक्त पर परखेंगे कि उनके नागरिक-जीवन और परमेश्वर के साथ उनका संबंध कितना मजबूत है।
संक्षिप्त थीम
अन्य पदों के साथ कड़ियाँ (संक्षेपार्थ)
- दानिय्येल 11-12: युद्धों के समय के बारे में अनुमान और उन्हें समझना; यह दिखाता है कि परमेश्वर इतिहास के पूरा कार्यक्रम को कैसे चलाते हैं।
- योशू 5: डेरा बनाते समय आस्था की कसौटी; जब लोग खतरे के बीच रहते हैं, तब परमेश्वर सत्य के मार्ग को स्पष्ट करते हैं।
- यीशु के waktu परूत: यरूशलेम की स्थिति आँकड़ा देती है कि परमेश्वर का उद्धारक काम कैसे सामने आता है, भले ही परिस्थितियाँ कितनी भी कठिन हों।
व्यावहारिक निष्कर्ष
जब परिस्थितियाँ भारी लगें, तब भी परमेश्वर के उद्देश्य स्पष्ट रहते हैं। हमें अपने हृदय को नर्म करते हुए—आत्म-आलोचना, प्रार्थना और कानफोड़ उन्नति—की आवश्यकता है। संघर्ष के बीच विश्वास की स्थिरता बनाए रखना चाहिए, क्योंकि परमेश्वर की योजना अटल है और वह उद्धार के मार्ग को खोलते रहते हैं।
पूर्ववर्ती टिप्पणीकारों के संक्षेप उद्धरण
यदि आप Matthew Henry, Albert Barnes या Adam Clarke के सार्वजनिक-डोमेन विचारों के संक्षिप्त उद्धरणों को देखते हैं, तो यह ध्यान दें कि वे इस प्रकार के संकटों को परमेश्वर की पवित्रता और न्याय के परिक्षण के रूप में देखते हैं; वे यह भी बतलाते हैं कि इस तरह के वचनों में स्मरण रखना चाहिए कि परमेश्वर अपने लोग पर दया भी दिखाते हैं और उद्धार का रास्ता खोले रहते हैं।
मुख्य क्रॉस-रेफरेंस
- दानियेल 9:26–27: संकट के समय में उद्धार की योजना का रहस्य खुलना। यह स्पष्ट करता है कि कठिन समय भी परमेश्वर की नियति के अंतर्गत है।
- मत्ती 24:6–8: विश्वयुद्ध और युद्ध-श्रृंखला के संकेत—परमेश्वर के अभिसरण के आरम्भ के क्षण।
- लूका 21:20–24: येरूशलेम पर घेराबंदी का वास्तविक उपयोग और अनुवर्तन के साथ स्थिति।