Old Testament
उत्पत्ति निर्गमन लैव्यव्यवस्था गिनती व्यवस्थाविवरण यहोशू न्यायियों रूत 1 शमूएल 2 शमूएल 1 राजाओं 2 राजाओं 1 इतिहास 2 इतिहास एज्रा नहेम्याह एस्तेर अय्यूब भजन संहिता नीतिवचन सभोपदेशक श्रेष्ठगीत यशायाह यिर्मयाह विलापगीत यहेजकेल दानिय्येल होशे योएल आमोस ओबद्याह योना मीका नहूम हबक्कूक सपन्याह हाग्गै जकर्याह मलाकीजकर्याह 12:3 बाइबल पद की व्याख्या
जकर्याह 12:3 बाइबल पद का अर्थ और पद-दर-पद टीका
और उस समय पृथ्वी की सारी जातियाँ यरूशलेम के विरुद्ध इकट्ठी होंगी, तब मैं उसको इतना भारी पत्थर बनाऊँगा, कि जो उसको उठाएँगे वे बहुत ही घायल होंगे। (लूका 21:24, मत्ती 21:44)
जकर्याह 12:3 पद-दर-पद बाइबल टीका
*** इस टीका में सार्वजनिक डोमेन में उपलब्ध कुछ प्राचीन और क्लासिक स्रोतों की सामग्री शामिल है। कुछ सामग्री को कृत्रिम बुद्धिमत्ता उपकरणों की सहायता से संसाधित, संक्षिप्त या अनुवादित किया गया हो सकता है। हर व्याख्या को बाइबल के पूरे पाठ और उसके संदर्भ के साथ अवश्य जाँचें। यदि आपको कोई त्रुटि या ऐसा अनुवाद मिले जिसे सुधारने की आवश्यकता हो, तो कृपया हमसे संपर्क करें।
जकर्याह 12:3 समानांतर पद और संबंधित वचन
उन बाइबल पदों को देखें जो विषय, शिक्षा या संदर्भ के आधार पर इस अंश से जुड़े हैं। समानांतर पदों की तुलना करने से इस वचन के संदर्भ और संदेश को अधिक गहराई से समझने में सहायता मिलती है। किसी चित्र को चुनें और संबंधित पद, उसकी व्याख्या तथा पद-दर-पद बाइबल टीका देखें।

मत्ती 21:44 (HINIRV) »
जो इस पत्थर पर गिरेगा, वह चकनाचूर हो जाएगा: और जिस पर वह गिरेगा, उसको पीस डालेगा।”

जकर्याह 14:2 (HINIRV) »
क्योंकि मैं सब जातियों को यरूशलेम से लड़ने के लिये इकट्ठा करूँगा, और वह नगर ले लिया जाएगा। और घर लूटे जाएँगे और स्त्रियाँ भ्रष्ट की जाएँगी; नगर के आधे लोग बँधुवाई में जाएँगे, परन्तु प्रजा के शेष लोग नगर ही में रहने पाएँगे।

दानिय्येल 2:34 (HINIRV) »
फिर देखते-देखते, तूने क्या देखा, कि एक पत्थर ने, बिना किसी के खोदे, आप ही आप उखड़कर उस मूर्ति के पाँवों पर लगकर जो लोहे और मिट्टी के थे, उनको चूर-चूर कर डाला।
जकर्याह 12:3 पर प्रकाश: यरूशलेम के विरुद्ध एकत्र होने पर परमेश्वर की सन्तुलित निर्णय-योजना
मुख्य interpretive point: उस समय पृथ्वी की सभी जातियाँ यरूशलेम के विरुद्ध इकट्ठी होंगी, परन्तु यह एक विनाशकारी संयोग नहीं, बल्कि परमेश्वर की हिंट्रा-योजना का हिस्सा है जिसमें वह यरूशलेम को विनष्ट नहीं, बल्कि उसकी रक्षा और उसकी आत्म-समझ को प्रकट करता है। यह उद्घोषणा एक ऐसीങ്ങി दीवार है जो अंततः परमेश्वर की महिमा की पुष्टि करती है, क्योंकि वह पत्थर की तरह भारी (निडर) होता है और जो उसे उठाने का प्रयत्न करें, वे घायल होंगे।
साहित्यिक संदर्भ ( literary context )
यह भाग './../../' में दर्ज भविष्यवाणी है जिसमें जकर्याह भविष्यवाणी करता है कि चालीस पुराने समय की प्रतिद्वंद्विता के बीच भी परमेश्वर यरूशलेम की सुरक्षा और प्रतिष्ठा रखेगा। इससे यह स्पष्ट होता है कि परमेश्वर सत्ता-नियम में स्थिर है और निर्णय उसकी मर्जी से निकलता है। लूका 21:24 और मत्ती 21:44 के संदर्भ भी इस दृश्य को देखना सिखाते हैं कि यरूशलेम से जुड़ा भाग्य पवित्र इतिहास और अंतिम दिन के आकलन से जुड़ा है।
थियोलॉजिकल význam (Theological significance)
मुख्य theological संदेश यह है कि परमेश्वर की योजना इतिहास के केंद्र में है—वह ऐसा पत्थर है जिसे उठाने वाले अपने आप घायल होंगे (यानी उनकी आत्म-निर्भरता पर चोट लगेगी)। यह एक चेतावनी भी है कि मानवीय शक्तियाँ परमेश्वर के विरुद्ध उठें, परंतु परमेश्वर के उद्देश्य अडिग रहते हैं। साथ ही, यह उद्धार-योजना में मसीह की भूमिका के संकेत देता है as a divinely appointed cornerstone, जो विशाल विरोध के बावजूद अपने उद्देश्य को पूरा करेगा।
अनुदेशन और cross-references (cross-references with brief notes)
इन संदर्भों से स्पष्ट होता है कि यरूशलेम के विरुद्ध एकत्रित बल भी परमेश्वर की योजना में एक परीक्षण है, जो अंततः उसकी महिमा के प्रमाण के लिए स्थापित किया गया है।
प्रश्न-चिंतन (Questions for reflection)
निष्कर्ष (Concise conclusion)
असर यह है कि जो भी मानव प्रयास, सत्ता या विरोध में उभरकर आए, परमेश्वर की योजना से पीछे नहीं हटती। वह पत्थर जो उठाने पर घायल करता है, वह भी उसी के हाथों में नियंत्रण में है। यरूशलेम के लिए यह दायित्व केवल सुरक्षा का नहीं, बल्कि विश्वास की परीक्षा और उद्धार की आशा है।
पूर्व-आधार उद्धरण (संदर्भित टिप्पणीकारों के संकेत)
कुल मिलाकर, Matthew Henry, Albert Barnes और Adam Clarke के सार्वजनिक-डोमेन विचार नजदीक से समाहित होते हुए इस पाठ के साथ एक संयुक्त सार प्रस्तुत करते हैं: यही सत्य कि परमेश्वर ही इतिहास के निर्णायक केन्द्र में है और मानव प्रतिरोध के बावजूद उसकी योजना पूरे प्रमाण के साथ आगे बढ़ती है। यदि आप के पास उनके शब्दों के छोटे-चोटे उद्धरण हों, उन्हें नीचे नोट किया गया है:
“The Lord will defend his city.” (consensus summary from Henry/Barnes/Clarke-type paraphrase)
नोट: उपरोक्त तीनों commentators के असली शब्दों के छोटे-छोटे उद्धरण उपलब्ध हो सकते हैं; कृपया एकत्रित मद्दों में केवल संक्षिप्त और सन्दर्भ-संरक्षित उद्धरण ही रखा गया है।