निर्गमन 11:1 बाइबल पद का अर्थ और पद-दर-पद टीका

फिर यहोवा ने मूसा से कहा, “एक और विपत्ति मैं फ़िरौन और मिस्र देश पर डालता हूँ, उसके पश्चात् वह तुम लोगों को वहाँ से जाने देगा*; और जब वह जाने देगा तब तुम सभी को निश्चय निकाल देगा।

पिछला पद
« निर्गमन 10:29
अगला पद
निर्गमन 11:2 »

निर्गमन 11:1 पद-दर-पद बाइबल टीका

निर्गमन 11:1 पर टिप्पणी — एक सुसंगत अर्थ

इस वाक्य का सीधे अर्थ है: परमेश्वर मूसा से कहता है कि एक और बड़ी विपत्ति मिस्र पर डालेगा, ताकि फरोह और मिस्र तुम्हें जाने दें; और जब वे जाने दें, तब वे तुम्हें ढंग से निकाल देंगे। यह ईश्वरीय निर्णय का अन्तिम चरण है जो एक बड़े उद्धारकार्य की पूर्वसूचना है: मिस्र से निकलना तब होगा जब हर प्रकार के विरोध और दमन को पूर्ण कर दिया जाएगा।

प्रासंगिक संदर्भ और पृष्ठभूमि

यह पाठ निर्गमन की क्रमिक पंक्तियों में ईश्वर के पथ-निर्देशन और मूसा-आनन्दित नेतृत्व की culminant चोटी है। मोशे को मिस्र पर अंतिम विपत्ति की घोषणा करते समय परमेश्वर यह बतला रहा है कि यह अत्याचारों की मानवीय समाप्ति और यहूदियों के निकास की दिशा में निर्णायक कदम है। संदेश में यह स्पष्ट है कि भगवान की योजना में मिस्र के दुःखों के कारणों का न्याय और इस्रएल के उद्धार दोनों जुड़े हैं।

interpretive observations

  • योजना की प्रकृति: एक निर्णायक विपत्ति, फिर भी उद्धार की पूर्वसूचना। यह संकेत देता है कि निष्ठुरता के बावजूद परमेश्वर का उद्धार-दृष्टिकोण प्रमुख है।
  • नियति-निर्वसन बनाम स्वतंत्रता: देश-विपत्ति के माध्यम से फिरौन के मन में परिवर्तन और लोगों की स्वतंत्र यात्रा सुनिश्चित होती है।
  • गहरी सुरक्षा कीृति: यह पाठ विश्वासियों को याद दिलाता है कि परमेश्वर जिस समय उद्धार का चक्र खोलता है, वही समय विभोर नहीं होता।

2-3 स्पष्ट थीमैटिक बिंदु

  • उद्धार के लिए परीक्षण: कठिनाइयों के बीच भी ईश्वर की सहायता दिखती है।
  • न्याय और दया का संयोजन: विपत्ति के साथ उद्धार का मार्ग बैठा है।
  • आदेशित निर्भरता: मूसा और इस्रएल की आस्था एक संगठित दूरी पर है—परमेश्वर के निर्देशों के प्रति सकारात्मक प्रतिक्रिया।

पारस्परिक संदर्भ (क्रॉस-रेफरेंस) और संक्षिप्त व्याख्या

1) भजन 105:26-38 प्रकार: समान तर्क देता है कि परमेश्वर किस प्रकार संकटों के समय अपने लोगों को उद्धार देता है।

2) निर्गमन 12:31-36: यह मार्गदर्शित चरणों के साथ घर-घर से निर्गमन की व्यवस्था को स्पष्ट करता है—ब्रह्मण में एक स्थाई परिवर्तन।

3) ध्यान दें योबस 2:13-14 जैसे संदर्भ: विश्वासियों के दुःखों के बीच परमेश्वर की वचन-विश्वास और उद्धार-कृत्य कैसे प्रकट होते हैं।

सीधे पाठ से सीखने योग्य छोटे निष्कर्ष

  1. परमेश्वर के निर्णय में उद्धार की आशा दृढ़ रहती है।
  2. फेरौन के दिल को नियंत्रित करने के लिए विपत्तियाँ एक साधन हो सकती हैं।
  3. स्वतंत्र निकलना एक दिव्य योजना के अनुरूप है—चाहे रास्ते कठिन क्यों न हों।

व्यावहारिक takeaway

जब हमें परीक्षा के समय निकलना पड़े, तब भी परमेश्वर की योजना पर भरोसा रखें। कठिनाइयों के बीच भी वह सत्य और उद्धार का मार्ग देता है, और हमारा भाग्य उसी की संरक्षण-योजना के अधीन है।

नोट: नीचे संकलित उद्धरण केवल Matthew Henry, Albert Barnes या Adam Clarke के स्पष्ट उद्धरण-आवद्ध होने पर ही दिया गया है।

*** इस टीका में सार्वजनिक डोमेन में उपलब्ध कुछ प्राचीन और क्लासिक स्रोतों की सामग्री शामिल है। कुछ सामग्री को कृत्रिम बुद्धिमत्ता उपकरणों की सहायता से संसाधित, संक्षिप्त या अनुवादित किया गया हो सकता है। हर व्याख्या को बाइबल के पूरे पाठ और उसके संदर्भ के साथ अवश्य जाँचें। यदि आपको कोई त्रुटि या ऐसा अनुवाद मिले जिसे सुधारने की आवश्यकता हो, तो कृपया हमसे संपर्क करें।

निर्गमन 11:1 समानांतर पद और संबंधित वचन

उन बाइबल पदों को देखें जो विषय, शिक्षा या संदर्भ के आधार पर इस अंश से जुड़े हैं। समानांतर पदों की तुलना करने से इस वचन के संदर्भ और संदेश को अधिक गहराई से समझने में सहायता मिलती है। किसी चित्र को चुनें और संबंधित पद, उसकी व्याख्या तथा पद-दर-पद बाइबल टीका देखें।

उत्पत्ति 15:14 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
उत्पत्ति 15:14 (HINIRV) »
फिर जिस देश के वे दास होंगे उसको मैं दण्ड दूँगा: और उसके पश्चात् वे बड़ा धन वहाँ से लेकर निकल आएँगे। (निर्ग. 12:36)

निर्गमन 3:20 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
निर्गमन 3:20 (HINIRV) »
इसलिए मैं हाथ बढ़ाकर उन सब आश्चर्यकर्मों से जो मिस्र के बीच करूँगा उस देश को मारूँगा; और उसके पश्चात् वह तुमको जाने देगा।

निर्गमन 9:14 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
निर्गमन 9:14 (HINIRV) »
नहीं तो अब की बार मैं तुझ पर, और तेरे कर्मचारियों और तेरी प्रजा पर सब प्रकार की विपत्तियाँ डालूँगा, जिससे तू जान ले कि सारी पृथ्वी पर मेरे तुल्य कोई दूसरा नहीं है।

HINIRV बाइबल की पुस्तक चुनें