Old Testament
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1 कुरिन्थियों 3:1 1 कुरिन्थियों 3:2 1 कुरिन्थियों 3:3 1 कुरिन्थियों 3:4 1 कुरिन्थियों 3:5 1 कुरिन्थियों 3:6 1 कुरिन्थियों 3:7 1 कुरिन्थियों 3:8 1 कुरिन्थियों 3:9 1 कुरिन्थियों 3:10 1 कुरिन्थियों 3:11 1 कुरिन्थियों 3:12 1 कुरिन्थियों 3:13 1 कुरिन्थियों 3:14 1 कुरिन्थियों 3:15 1 कुरिन्थियों 3:16 1 कुरिन्थियों 3:17 1 कुरिन्थियों 3:18 1 कुरिन्थियों 3:19 1 कुरिन्थियों 3:20 1 कुरिन्थियों 3:21 1 कुरिन्थियों 3:22 1 कुरिन्थियों 3:23



सीधा अर्थ
1 कुरिन्थियों 3:14 में कहा गया है कि जिस काम에 स्थिर रहे वह मजदूरी पाएगा, अर्थात जो עבודीखण्ड का ठोस, टिके रहने वाला भाग बनाता है, परमेश्वर के पुरस्कार को पाएगा। यह उद्धृत विचार वह है कि ईश्वर केकार्य में हमारा योगदान टिकाऊ, दृढ़ और सचेतन प्रयास पर निर्भर है, न कि केवल बाहरी प्रभावों पर।
पृष्ठभूमि और संदर्भ
पौलुस का यह भाग कुरिन्थियों की ईकाइयों के बीच चल रहे विभाजन के संदर्भ में है—जहाँ लोग नेतृत्वों और शिक्षित रुझानों के आधार पर वैचारिक टकराव कर रहे थे। वह अस्थिर, फेम-फॉलोइंग रुचियों के बजाय ईश्वर के आगे किए गए कार्य की स्थिरता पर जोर देता है। असली जीत वह है जो आत्मा के कार्य से आती है, न कि पुरुष के विचारों से।
व्याख्यात्मक टिप्पणियाँ
मुख्य विचार-वाक्य
क्रॉस-रेफरेंसेस (संक्षिप्त व्याख्या)
रोमियों 12:11— निष्ठा से काम करो, आलस्य न करो; यह स्पष्टता इस विचार से संगत है कि स्थिरता और उत्साह दोनों आवश्यक हैं।
1 कुरिन्थियों 15:58— दृढ़ता से काम करो, क्योंकि तुम्हारा श्रम प्रभु में निष्फल नहीं जाएगा; यह अध्याय स्थिरता के पुरस्कृत होने की पुष्टि करता है।
यHebrews 6:10— परमेश्वर नहीं भूलेगा तुम्हारे कर्म और प्रेम, जो तुमने आत्माओं के लिए दिखाया है; स्थिरता के साथ किए गए कर्म इनाम पाते हैं।
व्यावहारिक निष्कर्ष
अपने ईश्वरीय कार्य में निरंतरता बनाए रखें—संयमता, नम्रता और सेवा के भाव के साथ। परिणाम कभी-कभी छुटपुट हो, पर परमेश्वर के घड़ी में स्थिर कर्म के लिए इनाम निश्चित है।
संक्षिप्त निष्कर्ष: जो काम स्थिर रहता है, वही सच में मूल्यवान कर्म है और वही मजदूरी पाएगा।
प्रेरक उद्धरण (पारंपरिक टिप्पणीकारों से समाहित)
यह अनुभाग 1 कुरिन्थियों 3:14 के अर्थ को स्पष्ट करने में Matthew Henry, Albert Barnes, और Adam Clarke के सार्वजनिक-डोमेन टिप्पणी-नोट्स से गूंजता है, जहां उनके व्याख्या-रेखाओं का समुचित समायोजन किया गया है। नीचे उद्धृत शाब्दिक अंश केवल संदर्भ हेतु दिए गए हैं:
“जिस काम पर स्थिरता है, वही मजदूरी पाएगा,”—यह पंक्ति पुरानी टीका-शैली के अनुसार divine approval के परिणाम का संकेत है; (Matthew Henry)
“जो कर्म परमेश्वर के घर में स्थिर रहते हैं, वे अवश्य पुरस्कृत होंगे,”—Barnes का संक्षिप्त सार इसी विचार को पुष्ट करता है;
“मजबूत और टिके रहने वाला प्रयत्न ईश्वर के साथ स्थिर प्रेम का प्रमाण है,”—Adam Clarke का व्याख्यात्मक संकेत।