Old Testament
उत्पत्ति निर्गमन लैव्यव्यवस्था गिनती व्यवस्थाविवरण यहोशू न्यायियों रूत 1 शमूएल 2 शमूएल 1 राजाओं 2 राजाओं 1 इतिहास 2 इतिहास एज्रा नहेम्याह एस्तेर अय्यूब भजन संहिता नीतिवचन सभोपदेशक श्रेष्ठगीत यशायाह यिर्मयाह विलापगीत यहेजकेल दानिय्येल होशे योएल आमोस ओबद्याह योना मीका नहूम हबक्कूक सपन्याह हाग्गै जकर्याह मलाकीVerse
2 राजाओं 3:1 2 राजाओं 3:2 2 राजाओं 3:3 2 राजाओं 3:4 2 राजाओं 3:5 2 राजाओं 3:6 2 राजाओं 3:7 2 राजाओं 3:8 2 राजाओं 3:9 2 राजाओं 3:10 2 राजाओं 3:11 2 राजाओं 3:12 2 राजाओं 3:13 2 राजाओं 3:14 2 राजाओं 3:15 2 राजाओं 3:16 2 राजाओं 3:17 2 राजाओं 3:18 2 राजाओं 3:19 2 राजाओं 3:20 2 राजाओं 3:21 2 राजाओं 3:22 2 राजाओं 3:23 2 राजाओं 3:24 2 राजाओं 3:25 2 राजाओं 3:26 2 राजाओं 3:27



मुख्य बिंदु
2 राजाओं 3:18 में अल्पकथित बात भी ईश्वर की दृष्टि में छोटी नहीं होती; यहाँ स्पष्ट है कि मोआब पर יהוה की योजना एक विस्तृत परिणाम है जिसे परमेश्वर अपने लोगों के लिए पूरा कर देंगे, भले ही वे अभी डर या कठिनाई महसूस करें। यह संदेश प्रेरित करता है कि परमेस्चर की स्वीकृति और समय के अनुसार उपायों में विश्वास बनाए रखना चाहिए।
साहित्यिक संदर्भ (टीका-आलोचना के मद्देनज़र)
यह पाठ ईस्त-यक्ष-युद्घ के संदिग्ध मोड़ में आता है जब यहोवा अपने चुने हुए लोगों को सहायता देने के लिए हस्तक्षेप करता है। यहोवा की दृष्टि में “छोटी बात” का भाव यह दर्शाता है कि परमेश्वर की योजना व्यापक है और मानव समझ से परे भी शक्तिशाली हो सकती है। इस प्रसंग में मोआब पर विजय का ढाँचा दिखाने के लिए नबी-राजाओं की टीम एक साथ काम कर रही है, जो यह दर्शाता है कि परमेश्वर अपने लोगों की एकता और विश्वास पर निर्भर रहते हैं।
तेहशील घटनात्मक अर्थ (Theological significance)
यह संदेश यह पुष्टि करता है कि ईश्वर अपने लोगों को सक्षम बनाते हैं, और भले ही परिस्थिति असमतल हो, वह उनकी ओर से परिणाम देगा। मोआब पर प्रभुत्व का संकेत यह मानवीय निर्णयों से ऊपर ईश्वर की स्वतंत्रता को उच्च मान देता है। यह संप्रेषण भी देता है कि सफलता के लिए विश्वास, उपासना और परमेश्वर के निर्देशों का अनुपालन अनिवार्य है, क्योंकि वहचाहे परिस्थितियाँ कैसे भी हों, ईश्वर अपने उद्देश्य को पूरा करते हैं।
कृति-उल्लेख और בाइबल-सम्बन्ध (Cross-references)
व्याख्यात्मक नोट: उपरोक्त संदर्भ पूरी तरह पाठ पर नहीं होते, पर संदेश के अंत: समय और परमेश्वर की योजना के अनुरूप एक सामान्य रेखा बनाते हैं।
आत्मिक प्रश्न (Questions for reflection)
संक्षिप्त निष्कर्ष
ईश्वर की दृष्टि में छोटी या बड़ी बात नहीं मानी जाती; वह हर घटना के पीछे एक उद्देश्य डालते हैं और अपने लोगों के लिए मार्ग बनाते हैं। मोआब के संदर्भ में यहूदियों की विजय का संकेत है कि परमेश्वर अपने लोगों के साथ है, और वे उसे भरोसे के साथ मानते रहें। यह पाठ हमें प्रेरित करता है कि हम कठिन समय में भी परमेश्वर के हर संकेत और निर्देश पर भरोसा रखें, क्योंकि वह सब कुछ अपने सही समय पर पूरा करेगा।
संक्षिप्त उद्धरण (public-domain commentators के संकेत)
यदि आवश्यक हो, तो नीचे दिए गए सार्वजनिक डोमेन टिप्पणीकारों के संक्षिप्त बिंदु संदर्भित किए जा सकते हैं: - Matthew Henry: “God can do anything; even the small things in his sight are mighty when according to his will.” (सार) - Albert Barnes: “God’s purposes prevail; human plans may fail, yet the Lord’s plan stands.” (सार) - Adam Clarke: “What is small in our sight is not small in God’s; he overrules all things for his people’s good.” (सार)
नोट्स
उद्धरण केवल संक्षेप रूप में दिए गए हैं; पूर्ण पाठ कॉपीराइट-रहित सार्वजनिक-डोमेन टिप्पणीकारों से प्रेरित हैं।