Old Testament
उत्पत्ति निर्गमन लैव्यव्यवस्था गिनती व्यवस्थाविवरण यहोशू न्यायियों रूत 1 शमूएल 2 शमूएल 1 राजाओं 2 राजाओं 1 इतिहास 2 इतिहास एज्रा नहेम्याह एस्तेर अय्यूब भजन संहिता नीतिवचन सभोपदेशक श्रेष्ठगीत यशायाह यिर्मयाह विलापगीत यहेजकेल दानिय्येल होशे योएल आमोस ओबद्याह योना मीका नहूम हबक्कूक सपन्याह हाग्गै जकर्याह मलाकीChapter
यहेजकेल 1 यहेजकेल 2 यहेजकेल 3 यहेजकेल 4 यहेजकेल 5 यहेजकेल 6 यहेजकेल 7 यहेजकेल 8 यहेजकेल 9 यहेजकेल 10 यहेजकेल 11 यहेजकेल 12 यहेजकेल 13 यहेजकेल 14 यहेजकेल 15 यहेजकेल 16 यहेजकेल 17 यहेजकेल 18 यहेजकेल 19 यहेजकेल 20 यहेजकेल 21 यहेजकेल 22 यहेजकेल 23 यहेजकेल 24 यहेजकेल 25 यहेजकेल 26 यहेजकेल 27 यहेजकेल 28 यहेजकेल 29 यहेजकेल 30 यहेजकेल 31 यहेजकेल 32 यहेजकेल 33 यहेजकेल 34 यहेजकेल 35 यहेजकेल 36 यहेजकेल 37 यहेजकेल 38 यहेजकेल 39 यहेजकेल 40 यहेजकेल 41 यहेजकेल 42 यहेजकेल 43 यहेजकेल 44 यहेजकेल 45 यहेजकेल 46 यहेजकेल 47 यहेजकेल 48Verse
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यहोशु या यहेजकेल 23:15 का सरलीकृत अर्थ
यहोवह के दुष्ट-तुलनात्मक आचरण का चित्रण करते हुए यह पद यह कहता है कि बंधन और रंगीन पगड़ियाँ पहने, सिर पर चोटी लटकती, और बाबेल की रीति-रिवाजों को अपनाते हुए दो बहनों ने मिश्रित, भद्दे-आचरण के साथ अपने अपने व्यक्तित्व और सामाजिक प्रभाव को दिखाया। यह उद्धरण यह दिखाता है कि वे अपनी पूर्वज-यौगिकना के बजाय मिस्र-या बाबेल की प्रथाओं को अपनाकर अपने ठहराव और सत्ता के लिए प्रकटन करती हैं।
पृष्ठभूमि और संदर्भ
यहेजकेल के नबीत्व में, दो वैतिहासिक-युग की बहनों की कथा के माध्यम से पाप, घृणा और पापी समाज की भ्रष्ट रीति-रिवाजों का पर्दाफाश किया गया है। यहेजकेल 23 में दो गर्भाओं की संगत-व्याख्या से यह दिखता है कि धार्मिक-आचरण और सामाजिक प्रतिष्ठा कैसे भ्रष्टाचार से दूषित हो गए थे। यहाँ वर्णन तत्कालीन यासर-राज्य की अस्थिरता और आस्थाओं के विपरित्त्य संकेतों को बढ़ाते हैं।
व्याख्यात्मक अवलोकन
संकेतित दार्शनिक विषय
अनुमित सम्बन्धी पद
यह अध्याय उन अन्य प्रकरणों से जुड़ता है जहाँ समाज-व्यवस्था और धार्मिक-उद्धार की वास्तविकता के बीच टकराव दिखता है। खासकर:
संक्षेप में पाठ का निष्कर्ष
यह पाठ एक चेतावनी है कि सामाजिक प्रभाव और धार्मिक आडंबर के पीछे के पाप reveal होते हैं। परमेश्वर पवित्रता और सही चरित्र चाहता है, न कि दिखावे या परंपराओं की नक़ल मात्रा से। हमारे लिए सदा सच की खोज और मन-धारणा को पवित्र रखने की आवश्यकता है।
क्रॉस-रेफरेंस और उनका छोटा वर्णन
- इब्रानियों 10:22 के अनुरूप, अनुशासन और निष्ठा से approach करना महत्वपूर्ण है, ताकि आडंबर से बचा जा सके।
- पिता-यशायाह 1:11-17 में इश्वर चाहता है कि मन साफ हो, न कि बहिर्मुख आडंबर।
- मत्तयी 6:1-6 में प्रचार-प्रसार के पीछे असत्य-प्रवृत्ति से सावधान किया गया है।
व्यावहारिक takeaway
आज भी प्रेरणा यह है कि सामाजिकता की चमक के पीछे के आचरण की पारदर्शिता और ईश्वर-आस्था बनाये रखें। दिखावे के स्थान पर सत्य-चरित्र और समर्पण को प्राथमिकता दें।
नोट: इस पाठ के लिए Matthew Henry, Albert Barnes और Adam Clarke के संकीर्ण उद्धरण केवल जहां उपलब्ध थे, वहीं उल्लेखित हैं—ये शास्त्री सामान्यतः इस प्रकार के पथों के सामाजिक-आर्थिक और आध्यात्मिक प्रभाव पर प्रकाश डालते हैं।