Old Testament
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नीतिवचन 1 नीतिवचन 2 नीतिवचन 3 नीतिवचन 4 नीतिवचन 5 नीतिवचन 6 नीतिवचन 7 नीतिवचन 8 नीतिवचन 9 नीतिवचन 10 नीतिवचन 11 नीतिवचन 12 नीतिवचन 13 नीतिवचन 14 नीतिवचन 15 नीतिवचन 16 नीतिवचन 17 नीतिवचन 18 नीतिवचन 19 नीतिवचन 20 नीतिवचन 21 नीतिवचन 22 नीतिवचन 23 नीतिवचन 24 नीतिवचन 25 नीतिवचन 26 नीतिवचन 27 नीतिवचन 28 नीतिवचन 29 नीतिवचन 30 नीतिवचन 31Verse
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नीतिवचन 16:8 का सरल अर्थ
यह पद कहता है: "अन्याय के बड़े लाभ से, न्याय से थोड़ा ही प्राप्त करना उत्तम है।" सरल शब्दों में कहा जाए तो परमुख्य लाभ के लिए अनैतिक रास्ते अपनाने की तुलना में सही और न्यायपूर्ण मार्ग पर छोटा-सा लाभ भी अधिक व अधिकारपूर्ण है; सद्भावपूर्ण व्यवसाय और जीवन के लिए सत्यनिष्ठा को प्राथमिकता देना उत्तम है।
पृष्ठभूमि और संदर्भ
नीतिवचन एक शास्त्र है जो व्यवहारिक चतुराई, नैतिकता और समाजिक जीवन के नियमों को सरल और स्पष्ट कथनों में प्रस्तुत करता है। यहाँ "अन्याय के बड़े लाभ" से आशय है असत्य, भ्रष्टाचार या धोखाधड़ी से तुरंत बड़ा लाभ मिलना, जबकि "न्याय से थोड़ा" लाभ शालीन, ईमानदार मार्ग से मिलना है। कवि यह चेतावनी देता है कि बड़ी सामर्थ्य या धन का कभी भी गलत उपायों से आना स्थिर नहीं रहता और अंत में नुकसानदायक रहता है।
interpretive observations
मुख्य विषयगत अंश
क्रॉस-रेफरेंसेस और उनके संक्षिप्त निष्कर्ष
1)例 उत्पत्ति/हृदय नियंत्रित करने से जुड़ी बातें: गलत रास्तों से प्राप्त लाभ अस्थायी होते हैं, जबकि ईमानदारी से कम किंतु स्थिर लाभ दीर्घकाल में भरोसा बनाते हैं।
2) भलाई और न्याय के मार्ग का लाभ: न केवल आंतरिक शांति मिलती है, बल्कि समाज में भी सम्मान बना रहता है।
3) धन का सही उपयोग: धन जब सही नैतिक ढांचे में आता है तो उसे टिकाऊ और सुरक्षित माना गया है; अन्यथा वह बंटवारे और विश्वासघात का कारण बन सकता है।
संक्षिप्त निष्कर्ष और व्यावहारिक पाठ
छोटा पर सही लाभ भी बड़ा अनुकूल परिणाम दे सकता है—ईमानदारी, न्याय और नैतिकता के मार्ग पर चलना ही दीर्घकालिक समृद्धि का आधार है। जब लोग सत्ता, धन या अवसर के चलते निर्बुद्धिमानी कर लेते हैं, तो वे अस्थायीत्व और क्षति के रास्ते खोलते हैं। इसलिए जीवन के निर्णयों में सत्य और न्याय को सर्वोच्च मानना चाहिए, भले ही लाभ कम दिखाई दे।
मैथ्यू हेनरी, अयाल्ट बार्न्स और एडम क्लार्क के संक्षिप्त उद्धरणs
नोट: नीचे दिए गए उद्धरण केवल समान विचारधारा के पुराने सार्वजनिक डोमेन व्याख्याकारों के संक्षिप्त संदेश हैं; पूर्ण पाठ नहीं दिया गया है।
मैथ्यू हेनरी: "न्यायपूर्ण मार्ग में जो छोटा लाभ है, वह अंततः स्थिर और सुरक्षित रहता है।" (संक्षेपित सार)
अलेब्रेट बार्न्स: "धन के कारण नैतिकता से विचलन करने पर लाभ अवश्य दिख सकता है, पर उसका टिकना नहीं होता।"
एडम क्लार्क: "ईमानदारी से प्राप्त किया गया लाभ अंततः शांति और भरोसे को बनाये रखता है।"
सीधे संदर्भ
नीतिवचन 16:8 के साथ अन्य संबद्ध शिक्षाएं, जो नैतिक आचरण और सतर्कता के महत्व को गहराई से समझाती हैं, उन्हें साथ लेकर पढ़ना लाभदायक रहता है।