Old Testament
उत्पत्ति निर्गमन लैव्यव्यवस्था गिनती व्यवस्थाविवरण यहोशू न्यायियों रूत 1 शमूएल 2 शमूएल 1 राजाओं 2 राजाओं 1 इतिहास 2 इतिहास एज्रा नहेम्याह एस्तेर अय्यूब भजन संहिता नीतिवचन सभोपदेशक श्रेष्ठगीत यशायाह यिर्मयाह विलापगीत यहेजकेल दानिय्येल होशे योएल आमोस ओबद्याह योना मीका नहूम हबक्कूक सपन्याह हाग्गै जकर्याह मलाकीChapter
उत्पत्ति 1 उत्पत्ति 2 उत्पत्ति 3 उत्पत्ति 4 उत्पत्ति 5 उत्पत्ति 6 उत्पत्ति 7 उत्पत्ति 8 उत्पत्ति 9 उत्पत्ति 10 उत्पत्ति 11 उत्पत्ति 12 उत्पत्ति 13 उत्पत्ति 14 उत्पत्ति 15 उत्पत्ति 16 उत्पत्ति 17 उत्पत्ति 18 उत्पत्ति 19 उत्पत्ति 20 उत्पत्ति 21 उत्पत्ति 22 उत्पत्ति 23 उत्पत्ति 24 उत्पत्ति 25 उत्पत्ति 26 उत्पत्ति 27 उत्पत्ति 28 उत्पत्ति 29 उत्पत्ति 30 उत्पत्ति 31 उत्पत्ति 32 उत्पत्ति 33 उत्पत्ति 34 उत्पत्ति 35 उत्पत्ति 36 उत्पत्ति 37 उत्पत्ति 38 उत्पत्ति 39 उत्पत्ति 40 उत्पत्ति 41 उत्पत्ति 42 उत्पत्ति 43 उत्पत्ति 44 उत्पत्ति 45 उत्पत्ति 46 उत्पत्ति 47 उत्पत्ति 48 उत्पत्ति 49 उत्पत्ति 50Verse
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उत्पत्ति 10:22 — पंक्तियों के भीतर की सेटिंग और संदर्भ
यह पद शेम के पुत्रों की सूची का भाग है, जो नई दुनिया की विविध जनजातियों के आरम्भ का चित्रण करता है। उत्पत्ति 10 में वह फर्श दिखता है जिस पर नूह की पुत्रियाँ और उनके द्वारा अगली पीढ़ियाँ उभरती हैं। शेम, हाम व याफ़ेत की तीन प्रमुख शाखाओं में से एक की पहचान है; यह पंक्ति उन सभी के लिए जन्म-वृत्तांत देती है जो पृथ्वी के विभिन्न देशों के पूर्वज माने जाते हैं।
पाठ में परमेश्वर और आस्था के बारे में जो जानकारी मिलती है
यहां 하나님 के योजना की व्यापकता उजागर होती है: वह सभी प्राणी-समुदायों के इतिहास के निर्माता और निरीक्षक हैं। शेम के पुत्रों की सूची यह संकेत देती है कि ईश्वर का प्रत्यक्ष हस्तक्षेप और उसकी वचनबद्धता से ही मानव परिवार आगे बढ़ता है, भले ही जाति-भिन्नता और भाषायी差 भी हो। इस संदर्भ में आस्था की बात यह है कि एकता-प्रेरित आशीष के साथ परमेश्वर मानवता को एक साथ रखने की कोशिश करते हैं, भिन्न-भिन्न राष्ट्रीय पहचानें बनते हुए भी।
महत्वपूर्ण शब्द और छवियाँ
अन्य प्रमुख उद्धरण और सम्बन्धी पाठ
यहाँ यह उचित है कि देखें कि अन्य पैग़म्बरी पाठों में भी वंश-रेखा द्वारा ईश्वर के विश्व-योजना की ओर संकेत मिलता है:
उल्लेखनीय उद्धरण (संक्षेप): मैथ्यू हेनरी, अलेक्टर बार्न्स और एडम क्लार्क के पारंपरिक विवेचन में यह दर्शाया गया है कि वंश-रेखा मानव इतिहास की दिशा और परमेश्वर की ordination के संकेत देती है।
आज के पाठ में अनुप्रयोग
संक्षिप्त समेकित व्याख्या
उत्पत्ति 10:22 शेम के पुत्रों की सूचिका के साथ मानवकुल के ऐतिहासिक विविधता के आरम्भ को बताती है। यह स्पष्ट करती है कि परमेश्वर का नियंत्रण और आशीष सदैव मानवता के सम्मिलन के लिए है—चाहे क्षेत्र-भूगोल कितने भी भिन्न क्यों न हों। यही संदेश आज के चर्च-विश्व को भी है: एकता में विविधता और साझा आस्था से ही परमेश्वर के भविष्य की योजनाओं को साकार किया जा सकता है।
कृपया ध्यान दें: नीचे दिए गए क्रॉस-रेफरंस बिंदुवार हैं, जिनमें संभव प्रभाव स्पष्ट किया गया है, लेकिन पूर्ण पदों की टेक्स्ट उद्धरण नहीं है।
संक्षिप्त क्रॉस-रेफरंस साथ उत्साहपूर्ण संकेत