भजन संहिता 147:14 बाइबल पद का अर्थ और पद-दर-पद टीका

वह तेरी सीमा में शान्ति देता है, और तुझको उत्तम से उत्तम गेहूँ से तृप्त करता है।

भजन संहिता 147:14 पद-दर-पद बाइबल टीका

भजन संहिता 147:14 (HINIRV) का பின்னस्थ सेटिंग और अर्थ

यह पद भजनकार के साथ-साथ परमेश्वर के राज्य-जीवन की ठहराव और भरपूर आशीषों के संदर्भ में सामने आता है। भजन 147 में परमेश्वर की कृपा-कार्य, शासन और देखरेख की निरंतरता का संदेश है; यह विशेष रूप से यरूशलेम से सम्बद्ध क्षेत्रीय आशीषों और फसल-सम्पदा से जुड़ा है। यह शास्त्र बताता है कि परमेश्वर के राज्य में शांति और समृद्धि कैसे मिलती है, और किस प्रकार वह अपने लोगों को उत्तम-अन्न से तृप्त करता है।

भक्ति में बताये गये सत्य की झलक

यह verse दो बड़ी सचाइयों को एक साथ बुनता है: ‘‘वह तेरी सीमा में शान्ति देता है’’ और ‘‘तुझको उत्तम से उत्तम गेहूँ से तृप्त करता है।’’ पहली बात परमेश्वर की सुरक्षा और शांति की व्यवस्था का संकेत है—जहाँ उसका निर्देश और कानून मिलेगा, वहाँ शांतिtopia होती है। दूसरी बात एक प्राकृतिक, परन्तु पूर्ति की चित्र-विमर्श है; परमेश्वर वही अन्न देता है जो जीवन के लिए आवश्यक है, उसे सन्तुष्टि की आवश्यकता के अनुसार प्रदान करता है।

महत्वपूर्ण शब्द-चित्र और उनके अर्थ

  • सीमा (सीमार): परमेश्वर की रक्षा और नियंत्रण-सीमायें; उसका राज्य जहां शांति स्थिर होती है।
  • शान्ति (शांती): आंतरिक राहत और आत्म-निर्भरतासँ जुड़ा राहत-भाव; परिस्थितियाँ कैसी भी हों, ईश्वर की सत्ता में स्थिरता।
  • गेहूँ से तृप्ती: प्रत्यक्ष पूर्ति और संतुष्टि—आहार-आश्वासन के साथ जीवन की आवश्यकताओं का पूरा होना।

अन्य संबद्ध प्रचलित पाठ

भजन 147 के भीतर और अन्य हिस्सों में यह विचार मिलता है कि परमेश्वर अपने लोगों को सुरक्षा, नीतिगत मार्गदर्शन और वास्तविक आवश्यकताओं की पूर्ति से समर्थ बनाते हैं (उदा.: परमेश्वर की रचना-कार्य, आशीष की वर्षा और भोजन-प्रदान)। यह एक समन्वित अनुभव है जिसमें परमेश्वर का शासन और उनकी दया एक साथ काम करती है।

2-3 संगत क्रॉस-रेफरेंस (संक्षेप में समझाया गया)

1) उत्पत्ति 22:17-18— परमेश्वर की आशीषों का विस्तार; वह जो हमें भाल देता है, उसका प्रभाव न सिर्फ व्यक्तिगत बल्कि कुटुम्ब और राष्ट्र स्तर पर भी फैलता है।

2) भजन 33:18-19— परमेश्वर की दृष्टि और सुरक्षा उन पर जो उसकी वाचा पर रहते हैं; शांति और आहार-पूर्ति उनके भाग्य में है।

3) मत्ती 6:26-33— परमेश्वर की देख-रेख में दैनिक आवश्यकताओं की पूर्ति का सिद्धान्त; हमारा भाग्य उसकी कृपा पर निर्भर है।

क्या सिखाता है यह पद आज?

1) परमेश्वर के राज में शांति पाने के लिए अपनी जीवन-योजना को उसकी सीमा-निर्देश के अनुरूप समायोजित करें; वह सुनिश्चित करता है कि जीवन के हर क्षेत्र में ठहराव और सुरक्षा बनी रहे।

2) जीवन-आहार की भाँति—जो आवश्यक है, उसे परमेश्वर से मांगें और उन मार्गों पर चलें जहाँ वह आपको जीवन से संतुष्टि देता है।

3) डर या चिंताओं के समय में याद रखें कि प्रभु के नियंत्रण में क्रम और व्यवस्था है; वह अपने लोगों को उत्तम से उत्तम देता है।

सार-मुख्य निष्कर्ष

यह पद एक सरल सत्य को पुनः उजागर करता है: परमेश्वर ही आपके जीवन की सीमा-सुरक्षा और दैनिक आहार दोनों को प्रदान करता है। उसकी शांति जीवन के भीतर स्थिरता बनाती है और उसकी कृपा से आवश्यकताओं की पूर्ति होती है।

एतिहासिक-विश्वास का संकेत

भजन-लेखक के अनुसार यह आशीर्वाद गहरे रूप से य Hebrew-धारा के साथ जुड़ा है—यहुदियों के लिए एक जीवन-निर्भरता का संकेत है कि परमेश्वर ही उनके सुरक्षा-घेरा और भोजन के स्रोत हैं। यह सोच आधुनिक विश्वासियों के लिए भी प्रेरणा बनती है कि हर दिन परमेश्वर के प्रभुता पर भरोसा रखें।

उद्धृत टिप्पणी-उद्धरण

Matthew Henry, Albert Barnes, Adam Clarke से समान विचारों के संक्षिप्त परामर्श: “वह तेरी सीमा में शान्ति देता है” के भाव को Henry के मार्गदर्शी स्वर में समझना उचित है: परमेश्वर के राज्य में सुरक्षा और शांति एक साथ आती है; Barnes और Clarke इस प्रकार के संयोजन में आशीष की निरंतरता पर जोर देते हैं।

इस पंक्ति के भीतर शांति और पोषण का संयोजन एक साधारण, पर गहन धार्मिक अनुभव देता है: परमेश्वर आपकी सीमाओं की सुरक्षा बनता है और वही उत्तम आहार के स्रोत हैं।

*** इस टीका में सार्वजनिक डोमेन में उपलब्ध कुछ प्राचीन और क्लासिक स्रोतों की सामग्री शामिल है। कुछ सामग्री को कृत्रिम बुद्धिमत्ता उपकरणों की सहायता से संसाधित, संक्षिप्त या अनुवादित किया गया हो सकता है। हर व्याख्या को बाइबल के पूरे पाठ और उसके संदर्भ के साथ अवश्य जाँचें। यदि आपको कोई त्रुटि या ऐसा अनुवाद मिले जिसे सुधारने की आवश्यकता हो, तो कृपया हमसे संपर्क करें।

भजन संहिता 147:14 समानांतर पद और संबंधित वचन

उन बाइबल पदों को देखें जो विषय, शिक्षा या संदर्भ के आधार पर इस अंश से जुड़े हैं। समानांतर पदों की तुलना करने से इस वचन के संदर्भ और संदेश को अधिक गहराई से समझने में सहायता मिलती है। किसी चित्र को चुनें और संबंधित पद, उसकी व्याख्या तथा पद-दर-पद बाइबल टीका देखें।

यशायाह 60:17 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
यशायाह 60:17 (HINIRV) »
मैं पीतल के बदले सोना, लोहे के बदले चाँदी, लकड़ी के बदले पीतल और पत्थर के बदले लोहा लाऊँगा। मैं तेरे हाकिमों को मेल-मिलाप और तेरे चौधरियों को धार्मिकता ठहराऊँगा।

भजन संहिता 81:16 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
भजन संहिता 81:16 (HINIRV) »
मैं उनको उत्तम से उत्तम गेहूँ खिलाता, और मैं चट्टान के मधु से उनको तृप्त करता।”

भजन संहिता 29:11 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
भजन संहिता 29:11 (HINIRV) »
यहोवा अपनी प्रजा को बल देगा; यहोवा अपनी प्रजा को शान्ति की आशीष देगा*।

HINIRV बाइबल की पुस्तक चुनें