भजन संहिता 90:13 बाइबल पद का अर्थ और पद-दर-पद टीका

हे यहोवा, लौट आ! कब तक? और अपने दासों पर तरस खा!

भजन संहिता 90:13 पद-दर-पद बाइबल टीका

भजन संहिता 90:13 (HINIRV) – का अभिप्राय

इस पवित्र पद का सरल अर्थ है: हे यहोवा, अब लौट आ; कब तक तुझसे समर्थन मांगते रहेंगे? अपने दासों पर दया कर और उनकी कठिन परीश्रमों के बीच हमारे जीवनों को पल्लव दे।

पृष्ठभूमि और संदर्भ

भजन 90 एक मरोआह प्रकार का प्रार्थना-पत्र है, जो मसीही पाठकों के लिए परमेश्वर के अभय और क्रियाशीलता का स्मरण कराता है। यह दासत्व के समय, कठिन परिश्रम और मृत्यु के अंधकार में परमेश्वर की स्थिरता की मांग करता है। यहूदी परंपरा में भी यहभजन एक “मोहाब” के रूप में जाना गया है—जहाँ परमेश्वर के साथ संबंध को पुनर्जीवित करने की चाह है, विशेषकर जीवन की नश्वरता और उसकी अनंतता के बीच संतुलन खोजते हुए।

व्याख्यात्मक अवलोकन

1) लौट आ: यह प्रार्थना नहीं बल्कि गतिविधि-याचना है—ईश्वर को अपनी निष्ठा और कृपा के साथ पुनः आना चाहिए। यह उद्धार के पुराने अंदाज को याद दिलाता है, जब परमेश्वर लोगों के बीच डेरा डालते थे।

2) कब तक?: एक तीखी लेकिन मधुर प्रश्न है, जो मानवीय धैर्य की सीमा दर्शाता है—जीवन में निरंतर कठिनाई के बीच आशा की मांग।

3) अपने दासों पर तरस खा: दास शब्द यहाँ निर्बल अवस्था को दर्शाता है; परमेश्वर पर निर्भरता और दया की भविष्यवाणी है। यह नहीं कि परमेश्वर कठोर है, बल्कि हमारी कमजोरी के बीच उसकी कृपा की आवश्यकता है।

कchains (थीमैटिक टिप्पणियाँ)

  • निष्ठा बनाम क्षणिक दुःख: परमेश्वर की स्थिरता से ही जीवन का मूल स्थान सुरक्षित रहता है।
  • कृपा की याचना: ईश्वर से पुनः सन्निहित होकर जीवन की दिशा मिलती है—खासकर कठिन समय में।
  • आत्म-समर्पण: दासों की स्थिति में भी कृपा की वास्तविक शक्ति खुलती है।

अन्य शास्त्रीय संदर्भों के साथ संरेखण

– यशायाह के समय की पुकार: “कहिए, यहोवा ने कब तक?” यह समानताएं उद्धार के लिए एक आवाहन बनाती हैं, जिसमें विश्वासियों को परमेश्वर के पुनः आ जाने की आशा रहती है।

– हीब्रू 4:16 प्रकार के अनुभव: पूर्णता के मार्ग में भरोसे के साथ दया और कृपा प्राप्त करने की प्रेरणा।

– भजन 27:14: धैर्य के साथ यहोवा पर आशा रखना—क्योंकि उसका समय स्पष्ट और सुलझा होता है।

संक्षिप्त प्रायोगिक takeaway

  • कठिन समय में भी परमेश्वर के साथ निकटता खोजिए; उसकी उपस्थिति ही ठहराव देती है।
  • अपनी निर्भरता को स्पष्ट कीजिए और उसके स्मरण से आशा पाईए—क्योंकि उसकी दया हमारी आवश्यकता से ऊपर है।

महत्वपूर्ण उद्धरण (महत्वपूर्ण टिप्पणी)

यह पाठ सीधे तौर पर “हे यहोवा, लौट आ!” की याचना प्रस्तुत करता है; इसे पढ़ते समय ध्यान दें कि पुराने संदर्भों में भी यह दया और कृपा के आह्वान के समानार्थी है।

Cross-reference सारांश

– यशायह 30-31: समय और कृपा के लिए आह्वान। यह दर्शाता है कि हर भविष्यमय संकट के बीच परमेश्वर का मार्ग है।

– भजन 24:7–10: द्वार खोलिए, परमेश्वर आ रहा है; उसकी उपस्थिति जीवन को बदल देती है।

– दान 6:26: विश्वास और धैर्य से परमेश्वर की सहायता सुलभ होती है।

*** इस टीका में सार्वजनिक डोमेन में उपलब्ध कुछ प्राचीन और क्लासिक स्रोतों की सामग्री शामिल है। कुछ सामग्री को कृत्रिम बुद्धिमत्ता उपकरणों की सहायता से संसाधित, संक्षिप्त या अनुवादित किया गया हो सकता है। हर व्याख्या को बाइबल के पूरे पाठ और उसके संदर्भ के साथ अवश्य जाँचें। यदि आपको कोई त्रुटि या ऐसा अनुवाद मिले जिसे सुधारने की आवश्यकता हो, तो कृपया हमसे संपर्क करें।

भजन संहिता 90:13 समानांतर पद और संबंधित वचन

उन बाइबल पदों को देखें जो विषय, शिक्षा या संदर्भ के आधार पर इस अंश से जुड़े हैं। समानांतर पदों की तुलना करने से इस वचन के संदर्भ और संदेश को अधिक गहराई से समझने में सहायता मिलती है। किसी चित्र को चुनें और संबंधित पद, उसकी व्याख्या तथा पद-दर-पद बाइबल टीका देखें।

भजन संहिता 106:45 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
भजन संहिता 106:45 (HINIRV) »
और उनके हित अपनी वाचा को स्मरण करके अपनी अपार करुणा के अनुसार तरस खाया,

व्यवस्थाविवरण 32:36 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
व्यवस्थाविवरण 32:36 (HINIRV) »
क्योंकि जब यहोवा देखेगा कि मेरी प्रजा की शक्ति जाती रही, और क्या बन्धुआ और क्या स्वाधीन, उनमें कोई बचा नहीं रहा, तब यहोवा अपने लोगों का न्याय करेगा, और अपने दासों के विषय में तरस खाएगा।

भजन संहिता 135:14 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
भजन संहिता 135:14 (HINIRV) »
यहोवा तो अपनी प्रजा का न्याय चुकाएगा, और अपने दासों की दुर्दशा देखकर तरस खाएगा। (व्यव. 32:36)

HINIRV बाइबल की पुस्तक चुनें