Old Testament
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यहोशू 1:16 बाइबल पद का अर्थ और पद-दर-पद टीका
तब उन्होंने यहोशू को उत्तर दिया, “जो कुछ तूने हमें करने की आज्ञा दी है वह हम करेंगे, और जहाँ कहीं तू हमें भेजे वहाँ हम जाएँगे।
यहोशू 1:16 पद-दर-पद बाइबल टीका
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यहोशू 1:16 समानांतर पद और संबंधित वचन
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गिनती 32:25 (HINIRV) »
तब गादियों और रूबेनियों ने मूसा से कहा, “अपने प्रभु की आज्ञा के अनुसार तेरे दास करेंगे।”

व्यवस्थाविवरण 5:27 (HINIRV) »
इसलिए तू समीप जा, और जो कुछ हमारा परमेश्वर यहोवा कहे उसे सुन ले; फिर जो कुछ हमारा परमेश्वर यहोवा कहे उसे हम से कहना; और हम उसे सुनेंगे और उसे मानेंगे।'

रोमियों 13:1 (HINIRV) »
हर एक व्यक्ति प्रधान अधिकारियों के अधीन रहे; क्योंकि कोई अधिकार ऐसा नहीं, जो परमेश्वर की ओर से न हो; और जो अधिकार हैं, वे परमेश्वर के ठहराए हुए हैं। (तीतु. 3:1)
यहोशू 1:16 — उनकी प्रतिज्ञा और आज्ञापालन
परिप्रेक्ष्य का तात्पर्य: यहोशू की नेतृत्व समिति के समय יהוה ने यरुशलम के बाहर नगरों के निवासियों से एक निर्णायक प्रसंग किया था। इस वाक्य के तुरंत पहले—यहोशू ने यहूदियों को मारक और विजय की प्रेरणा दी; अब वे लोग अपने नेता Yehoshua के निर्देशों के अनुसार सेवा और देश की सुरक्षा के लिए तैयार हैं। यह वचन उनके पहले-पूर्व अहिंसक संबंधों के पुनःस्थापन की दिशा दिखाता है: विश्वास की पूर्णता और आचरण की स्पष्टता।
क्या सीख देता है यह वचन?
यह वचन स्पष्ट करता है कि जो भी परमेश्वर ने आज्ञा दी है, उसे मानकर चलना विश्वास का प्रमाण है। साथ ही, यह दर्शाता है कि नेतृत्व के प्रति पूर्णDEVotion का भाव—जहाँ राजा या मार्गदर्शक की हर बात पर स्वेच्छा से समर्पण हो—विश्वास के समुदाय के लिए सुरक्षा और एकता का आधार बनता है।
संस्कृत शब्दों और चित्रों की स्पष्टता
- “हम करेंगे”: यह एक संकल्पात्मक उत्तर है, जिसमें संपूर्ण प्रतिबद्धता और समुदाय की एकजुटता झलकती है।
संबंधित पाठ
1) यहोशू 1:7-9 —God के आदेश के प्रति दृढ़ संकल्प और मन में वैसा ही साहस रखना।
2) यूहन्ना 14:15 — प्रेम के कर्म से पहले विश्वास का कर्तव्य।
3) भजन 18:30 — परमेश्वर के मार्गों की शुद्धता और सुरक्षा।
एतिहासिक-धार्मिक संकल्पना
महाविश्वास पर आधारित यहोशू की टीम का उत्तर यह दर्शाता है कि परमेश्वर के मार्ग पर चलना समुदाय की एकता और सफलता की कुंजी है। एबलर्ट बार्न्स, मैथ्यू हेनरी और एडम क्लार्क के सार्वजनिक-डायनवादी विचारों के प्रकाश में यह उद्धरण एक स्पष्ट मानवीय अनुशासन दिखाता है: नेतृत्व की विश्वसनीयता और अनुशासन विश्वास की पुष्टि हैं।
पूर्व टिप्पणियाँ (उद्धरण संकेत):
“जो कुछ तूने हमें करने की आज्ञा दी है वह हम करेंगे” — Matthew Henry के अनुसार यह एक स्वीकृति-भरी प्रतिज्ञा है जो प्रबल विश्वास और सामुदायिक समर्पण का प्रतीक है।
“...जहाँ कहीं तू हमें भेजे वहाँ हम जाएँगे” — Albert Barnes के पाठ में यह नेतृत्व-धर्म और सामुदायिक वचन का मिलन दर्शाता है।
“यह संकल्प हमारी सुरक्षा है; परमेश्वर के साथ दृढ़ प्रतिज्ञा से ही आगे बढ़ना संभव है” — Adam Clarke के दृष्टिकोण के अनुरुप यह वचन विश्वस्त मार्गदर्शन को पुष्ट करता है।
आज की उपयोगिता
यहाँ से सीख
विश्वास सिर्फ इमानदारी नहीं, पूर्ण-समर्पण है। परमेश्वर के मार्ग के अनुसार चलना, कठिन निर्णयों में भी एकता और धैर्य बनाए रखता है।
नोट: नीचे दिये गए संदर्भ केवल क्रॉस-रेफरेंस हैं; पूर्ण पद नहीं दिए गए हैं।