Old Testament
उत्पत्ति निर्गमन लैव्यव्यवस्था गिनती व्यवस्थाविवरण यहोशू न्यायियों रूत 1 शमूएल 2 शमूएल 1 राजाओं 2 राजाओं 1 इतिहास 2 इतिहास एज्रा नहेम्याह एस्तेर अय्यूब भजन संहिता नीतिवचन सभोपदेशक श्रेष्ठगीत यशायाह यिर्मयाह विलापगीत यहेजकेल दानिय्येल होशे योएल आमोस ओबद्याह योना मीका नहूम हबक्कूक सपन्याह हाग्गै जकर्याह मलाकीVerse
यहोशू 10:1 यहोशू 10:2 यहोशू 10:3 यहोशू 10:4 यहोशू 10:5 यहोशू 10:6 यहोशू 10:7 यहोशू 10:8 यहोशू 10:9 यहोशू 10:10 यहोशू 10:11 यहोशू 10:12 यहोशू 10:13 यहोशू 10:14 यहोशू 10:15 यहोशू 10:16 यहोशू 10:17 यहोशू 10:18 यहोशू 10:19 यहोशू 10:20 यहोशू 10:21 यहोशू 10:22 यहोशू 10:23 यहोशू 10:24 यहोशू 10:25 यहोशू 10:26 यहोशू 10:27 यहोशू 10:28 यहोशू 10:29 यहोशू 10:30 यहोशू 10:31 यहोशू 10:32 यहोशू 10:33 यहोशू 10:34 यहोशू 10:35 यहोशू 10:36 यहोशू 10:37 यहोशू 10:38 यहोशू 10:39 यहोशू 10:40 यहोशू 10:41 यहोशू 10:42 यहोशू 10:43



परिचय
यहोशू 10 में मिस्र से मुक्त होकर आफरीन के नेतृत्व में इस्राएलियों का सेना-युद्धों का क्रम चलता है। यहोशू ने नगरों को विजित किया, और प्रत्येक लड़ाई में परमेश्वर के निर्देशों का पालन किया। इस अध्याय में युद्ध के एक बड़े निर्णायक प्रसंग का वर्णन है: अदोनीसेदेक के राजा के सुनते ही यरूशलेम के राजा का बिन्दुवार पराभव हुआ और गिबोन के निवासियों ने इस्राएल के साथ समझौते में रहना शुरू किया। यह पाठ हमें नेतृत्व, विश्वास-धैर्य, और प्रायः असुरक्षित परिस्थितियों में परमेश्वर के निर्देशों को मानने की सीख देता है।
पद का पठन सार
यहोशू 10:1 बताता है कि यरूशलेम के राजा अदोनीसेदेक ने सूचना पाकर भयभीत हो गया कि यहोशू ने आई को ले लिया है और जैसा उसने यरीहो और उसके राजा के साथ किया था, वैसा ही आई और उसके राजा के साथ भी किया गया है। इसी बीच गिबोन के निवासियों ने इस्राएल के साथ मेल जोל खाई और अब वे भी इस्राएलियों के बीच रहने लगे हैं।
मुख्य आध्यात्मिक पाठ
- संघर्ष के समय भी परमेश्वर के विखंडनकारी योजनाओं के अनुसार विजय संभव है, यदि नेतृत्व में विश्वास और आज्ञापालन बना रहे।
- यहूदी आक्रमण के सामने नगरों का एकता-बंध और शरण नहीं, बल्कि यहूदियों के प्रति भाईचारे के साथ स्थिरता बनाये रखना कितना आवश्यक है — क्योंकि यह क्षेत्र में स्थायित्व और सुरक्षा का मार्ग बनता है।
पर्सन-हिन्डिक के समकक्ष टिप्पणियाँ
यहाँ एडम क्लार्क, मैथ्यू हेनरी, और एलबर्ट बार्न्स के सार्वजनिक-डायरी टिप्पणियाँ इस प्रकार भी उल्लेखित हैं:
नोट: उपलब्ध उद्धरणों में, यदि आवश्यक हो, तो छोटे-चोटे स्पष्ट शब्द-उद्धरण दिए जाते हैं।
क्रॉस-रेफरेंसेस (संक्षेप)
इन संदर्भों से देखने पर स्पष्ट है कि किसी भी युद्ध या दुष्टता के विरुद्ध परमेश्वर की आज्ञाओं का पालन और एकता ही सुरक्षा को संभव बनाती है।
व्यावहारिक अनुप्रयोग
सार-सार
यहोशू 10:1 का पाठ बताता है कि भयंकर सूचनाओं और राजाओं की रणनीतियों के बीच भी परमेश्वर के मार्ग में दृढ़ विश्वास रखकर आगे बढ़ना चाहिए। अदोनीसेदेक की चेष्टा और गिबोन के निवासियों का साथ—दोनों स्थितियाँ यह दिखाती हैं कि प्रभु के निर्णय से ही इतिहास का मोड़ बनता है। यहोहशू की विजय में विश्वास और आज्ञापालन का महत्व बना रहता है, और कठिन परिस्थितियों में भी एकता से ही सुरक्षा पाई जा सकती है।