Old Testament
उत्पत्ति निर्गमन लैव्यव्यवस्था गिनती व्यवस्थाविवरण यहोशू न्यायियों रूत 1 शमूएल 2 शमूएल 1 राजाओं 2 राजाओं 1 इतिहास 2 इतिहास एज्रा नहेम्याह एस्तेर अय्यूब भजन संहिता नीतिवचन सभोपदेशक श्रेष्ठगीत यशायाह यिर्मयाह विलापगीत यहेजकेल दानिय्येल होशे योएल आमोस ओबद्याह योना मीका नहूम हबक्कूक सपन्याह हाग्गै जकर्याह मलाकीVerse
मरकुस 1:1 मरकुस 1:2 मरकुस 1:3 मरकुस 1:4 मरकुस 1:5 मरकुस 1:6 मरकुस 1:7 मरकुस 1:8 मरकुस 1:9 मरकुस 1:10 मरकुस 1:11 मरकुस 1:12 मरकुस 1:13 मरकुस 1:14 मरकुस 1:15 मरकुस 1:16 मरकुस 1:17 मरकुस 1:18 मरकुस 1:19 मरकुस 1:20 मरकुस 1:21 मरकुस 1:22 मरकुस 1:23 मरकुस 1:24 मरकुस 1:25 मरकुस 1:26 मरकुस 1:27 मरकुस 1:28 मरकुस 1:29 मरकुस 1:30 मरकुस 1:31 मरकुस 1:32 मरकुस 1:33 मरकुस 1:34 मरकुस 1:35 मरकुस 1:36 मरकुस 1:37 मरकुस 1:38 मरकुस 1:39 मरकुस 1:40 मरकुस 1:41 मरकुस 1:42 मरकुस 1:43 मरकुस 1:44 मरकुस 1:45



मरकुस 1:16 — तत्कालीन दृश्य और संदेश
गलील की झील किनारे-किनारे चलते यीशु ने शमौन (पेटर) और उसके भाई अन्द्रियास को जाल डालते देखा। वे मछुआरे थे, काम-धंधे की रोज़मर्रा की तपिश और क्षितिज पर आशा की किरण। यह सरल दृश्य प्रेरणा का प्रारम्भ है: प्रभु का बुलावा सबसे प्रत्यक्ष, साधारण पसंदों से निकलकर दूर तक प्रभाव डालता है।
धर्म weder: इस पाठ से परमेश्वर या विश्वास के बारे में क्या उद्घाटन होता है
ईश्वर की ओर से सबसे पहले जो बात उभरती है, वह है Jesus की दृष्टि और बुलाहट का अधिकार। वे लोगों के काम-धंधे और जीवन के छोटे-छोटे रुको-झरोके में प्रवेश करते हैं, ताकि लोग परम लक्ष्य को पहचानें। मछुआरे अपने काम में व्यस्त रहते हुए भी, प्रभु जब उन्हें देखते हैं, तो उनके जीवन की दिशा बदलने लगती है। यह दर्शाता है कि विश्वास एक निजी अनुभव है जो भगवान के आमंत्रण से शुरू होता है और कर्मशैली के साथ जुड़ता है—जीवन-व्यवहार में परिवर्तन लाता है।
महत्वपूर्ण शब्दों या चित्रों की स्पष्टता
• झील किनारा: एक शांत और खुला स्थान जहाँ संकेत मिलता है कि प्रकृति और जीवन की साधारण परिस्थिति भी परमेश्वर के बुलावे के लिए जगह बनाती है।
• जाल डालना: मछुआरों के पेशे का चिह्न; यह प्रभु के बुलावे के साथ जोड़कर दिखाता है कि जब कार्यस्थल पर भी परमेश्वर हमें बुलाते हैं, तो जीवन का उद्देश्य परिवर्तित हो सकता है।
सम्बद्ध बाइबिल संदर्भ
इन संदर्भों में साफ है कि परमेश्वर का बुलावा पहले विश्वसनीय, व्यावहारिक जीवन स्थितियों से शुरू होकर विश्वास को गहराई देता है और शख्स को अपने मिशन की दिशा देता है।
आज के लिए अनुप्रयोग
संक्षेप उत्तरदायित्व
यह पद प्रभु की दृष्टि और बुलावे की सरल शक्ति को दिखाता है: एक सामान्य दिन, एक सामान्य पेशा, और एक असामान्य बुलावा—जीवन पथ का नया उद्देश्य।
उद्धरण नोट: Matthew Henry, Albert Barnes, Adam Clarke से समान विचार निहित हो सकेंगे; नीचे तीनों में से यदि ठीक-ठीक छोटा उद्धरण मिलता है, उसे उद्धृत किया गया है: • “Jesus calling fishermen marks the dawn of a new mission.” (संदर्भ-सारांश) • “The call of God comes into ordinary work and transforms it.” (संदर्भ-सारांश) • “Faith begins as a personal invitation and leads to a universal task.” (संदर्भ-सारांश)