यिर्मयाह 14:13 बाइबल पद का अर्थ और पद-दर-पद टीका

तब मैंने कहा, “हाय, प्रभु यहोवा, देख, भविष्यद्वक्ता इनसे कहते हैं “न तो तुम पर तलवार चलेगी और न अकाल होगी, यहोवा तुमको इस स्थान में सदा की शान्ति देगा।'”

पिछला पद
« यिर्मयाह 14:12

यिर्मयाह 14:13 पद-दर-पद बाइबल टीका

यिर्मयाह 14:13 पर टिप्पणियाँ

यिर्मयाह प्रेषित ने उन समयों की कठिन परिस्थितियों में परमेश्वर की योजना और भविष्यद्वक्ताओं के संदेश पर दृष्टि डाली है। यिर्मयाह 14 के अध्याय में Judah के निवासियों के सामने अकाल और परेशानियाँ आई हुई हैं, और लोग स्पष्ट रूप से अकाल के कारण दया-भिक्षा और रक्षा की मांग कर रहे हैं। इसVerse में भविष्यद्वक्ता के सामने लोगों के आचरण और परमेश्वर के उत्तर के बीच एक तनाव साफ़ दिखता है: मनुष्य तत्काल राहत चाहते हैं, परन्तु परमेश्वर का संदेश अक्सर पूरक और समय-सापेक्ष होता है।

मुख्य अर्थ

यह पद यह दर्शाता है कि यरूशलीम और उसके आस-पास के लोग संकट के समय में भी भविष्यद्वक्ताओं के संदेश को चोट पहुँचाने या अस्वीकार करने की प्रवृत्ति दिखाते हैं। यहाँ भविष्यद्वक्ता कहता है कि तलवार और अकाल नहीं होंगे, परन्तु यह चेतावनी है कि परमेश्वर के समय-सारिणी में यह सब कुछ बहुदूर नहीं है; मूल बात यह है कि लोग अस्थिरता और विपत्ति के कारण दयालुता, स्थिरता और शान्ति के लिए परमेश्वर पर निर्भर रहें।

केन्द्रीय विषय

  • भरोसा बनाम भय: अकाल और युद्ध के भय के बीच, परमेश्वर का आश्वासन शान्ति का है, परन्तु यह आश्वासन तत्काल भौतिक आराम नहीं, बल्कि परमेश्वर की योजना के अनुरूप है।
  • भविष्यद्वक्ता का मान: भविष्यद्वक्ताओं की शब्दावली और उनकी भूमिका के बारे में चेतावनी—वे मानव हृदय की गहराई को जानने में सक्षम होते हैं, परन्तु उनका संदेश बार-बार मानवीय संकल्प के अनुरूप आकलन का विषय बनता है।
  • स्थिरता की मांग: शान्ति और सुरक्षा में रहने के लिए परमेश्वर की ओर पुनः लौटना आवश्यक है, चाहे मौसम या परिस्थिति कैसी भी हो।

관련 passages (cross-references)

1) यिर्मयाह 17:7-8 — “धन्य है वह व्यक्ति जो यहोवा पर आश्रित है”—इस संदर्भ में शांति परमेश्वर की स्थिरता से निकलती है, न कि परिस्थितियों से।

2) यिर्मयाह 29:11 — परमेश्वर के आश्वासन कि वह भविष्य के लिए उम्मीद और शांति की योजना रखता है, भले वर्तमान कठिनाई हों।

3) यशायाह 26:3 — “तुम दृढ़–निश्चय रहने वालों को प्रभावी शान्ति देते हो”—आस्था के स्थिरते से जीवन में शांति आती है।

व्यावहारिक विचार

हम वर्तमान संकटों में भी एकत्त्व और धैर्य बनाए रखें: दैविक आश्वासन का आधार हमारे भीतर की आस्था है, न कि विपत्तियों की तीव्रता पर। दूसरों के साथ संवेदनशील रहें और परमेश्वर के समय-सारिणी पर भरोसा रखें। यहूदियों के लिए यह संदेश यह था कि वे अपने एहसानों को पुनः लौटाएं, न कि केवल भौतिक राहत के पीछे भागें।

संक्षेप

यिर्मयाह 14:13 में भविष्यद्वक्ता परमेश्वर के एकादश संदेश के भीतर मानवीय प्रतिक्रिया और शान्ति की वास्तविकता को उजागर करते हैं। यह बताता है कि विपत्ति के समय में भी परमेश्वर की शान्ति और योजना स्थिर रहती है, और हमें उसके अनुसार जीवन को ढालना चाहिए—भरोसा, धैर्य, और सामर्थ्य के साथ।

पूर्वनिर्देश उद्धरण (if applicable)

यह पंक्ति Matthew Henry, Albert Barnes या Adam Clarke की स्पष्ट पूर्ण उद्धरण नहीं देता, पर उनके विचारों के अनुसार यह संदेश मानव आत्मा की दया–निष्ठा और परमेश्वर के वचनों के अनुशासन को मिलाकर समझाने योग्य है।

*** इस टीका में सार्वजनिक डोमेन में उपलब्ध कुछ प्राचीन और क्लासिक स्रोतों की सामग्री शामिल है। कुछ सामग्री को कृत्रिम बुद्धिमत्ता उपकरणों की सहायता से संसाधित, संक्षिप्त या अनुवादित किया गया हो सकता है। हर व्याख्या को बाइबल के पूरे पाठ और उसके संदर्भ के साथ अवश्य जाँचें। यदि आपको कोई त्रुटि या ऐसा अनुवाद मिले जिसे सुधारने की आवश्यकता हो, तो कृपया हमसे संपर्क करें।

यिर्मयाह 14:13 समानांतर पद और संबंधित वचन

उन बाइबल पदों को देखें जो विषय, शिक्षा या संदर्भ के आधार पर इस अंश से जुड़े हैं। समानांतर पदों की तुलना करने से इस वचन के संदर्भ और संदेश को अधिक गहराई से समझने में सहायता मिलती है। किसी चित्र को चुनें और संबंधित पद, उसकी व्याख्या तथा पद-दर-पद बाइबल टीका देखें।

यिर्मयाह 6:14 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
यिर्मयाह 6:14 (HINIRV) »
वे, 'शान्ति है, शान्ति', ऐसा कह कहकर मेरी प्रजा के घाव को ऊपर ही ऊपर चंगा करते हैं, परन्तु शान्ति कुछ भी नहीं। (यहे. 13:10)

2 पतरस 2:1 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
2 पतरस 2:1 (HINIRV) »
जिस प्रकार उन लोगों में झूठे भविष्यद्वक्ता थे उसी प्रकार तुम में भी झूठे उपदेशक होंगे, जो नाश करनेवाले पाखण्ड का उद्घाटन छिप छिपकर करेंगे और उस प्रभु का जिस ने उन्हें मोल लिया है इन्कार करेंगे और अपने आप को शीघ्र विनाश में डाल देंगे।

यिर्मयाह 4:10 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
यिर्मयाह 4:10 (HINIRV) »
तब मैंने कहा, “हाय, प्रभु यहोवा, तूने तो यह कहकर कि तुमको शान्ति मिलेगी निश्चय अपनी इस प्रजा को और यरूशलेम को भी बड़ा धोखा दिया है; क्योंकि तलवार प्राणों को मिटाने पर है।”

HINIRV बाइबल की पुस्तक चुनें