निर्गमन 35:21 बाइबल पद का अर्थ और पद-दर-पद टीका

और जितनों को उत्साह हुआ, और जितनों के मन में ऐसी इच्छा उत्‍पन्‍न हुई थी, वे मिलापवाले तम्बू के काम करने और उसकी सारी सेवकाई और पवित्र वस्त्रों के बनाने के लिये यहोवा की भेंट ले आने लगे।

पिछला पद
« निर्गमन 35:20
अगला पद
निर्गमन 35:22 »

निर्गमन 35:21 पद-दर-पद बाइबल टीका

सीधे अर्थ पर शुरूआत

निर्गमन 35:21 में कहा गया है कि जिन-जिन के हृदय में उत्साह और इच्छा उत्पन्न हुई, वे तैयार होकर मर्यादित कामों के लिए यहोवा की भेंट लेकर आने लगे, खासकर मिलापवाले तम्बू के संचालक कार्य, सेवकाई और पवित्र वस्त्रों के निर्माण हेतु। इसका तात्पर्य है कि धर्मकार्य के लिए स्वेच्छापूर्वक योगदान देने की प्रेरणा परमेश्वर की इच्छा से उत्पन्न होती है, और यहाबी समुदाय की साझा हिस्सेदारी से मंदिर-निर्माण के उद्देश्य समर्थित होते हैं।

पृष्ठभूमि और संदर्भ

यह पद तब है जब इजराइल के लोग ईश्वर के निर्देशानुसार मिलापवाले तम्बू (कथा के केंद्र में) की तैयारी में जुटे थे। पहले के अध्यायों में परमेश्वर ने तम्बू, आभूषण और कर्म-सामग्री के निर्माण के लिए जन उत्साह की आवश्यकता बताई थी; अब जनता स्वेच्छा से दान जुटाने में आगे आती है। यह संदेश देता है कि धार्मिक-कार्य में सहभागिता केवल भय या कर्तव्यबद्धता से नहीं, बल्कि प्रेम और आंतरिक प्रेरणा से होती है।

interpretive observations

  • उत्साह की प्रेरणा: यह शब्द दर्शाता है कि आंतरिक इच्छा—मन की हलचल और जागृति—किस प्रकार बाह्य योगदान को प्रेरित करती है।
  • समुदायिक भागीदारी: मिलापवाले तम्बू का काम सभी के सहयोग पर निर्भर है; प्रत्येक व्यक्ति की भागीदारी महत्त्वपूर्ण है, चाहे भूमिका बड़ी हो या छोटी।
  • पवित्रता का मानक: यह दान से नहीं, बल्कि समर्पण और पवित्र वस्त्रों के निर्माण जैसे दृढ़-उद्धार-कार्य से ईश्वर की नित्य-सेवा की याद दिलाता है।

संकेतित प्रमुख विचार

  1. स्वेच्छा से योगदान देना ईश्वर के काम को आगे बढ़ाता है।
  2. आंतरिक प्रेरणा समुदाय की सामान्य भलाई को मजबूत बनाती है।
  3. यह दान-प्रक्रिया एक पवित्र सेवा के रूप में मान्यता पाती है।

अन्य संदर्भ (cross-references) और उनसे जुड़ी संक्षेप-विचार

• निर्गमन 25:2—यह दिखाता है कि दान की प्रेरणा कैसे स्वेच्छा से आती है और यह यहोवा के स्तवन-कार्य के लिए होता है। संक्षेप स्पष्टीकरण: परमेश्वर के लिए उपलब्ध कराने की इच्छा से दान देना उचित है, न कि बाहरी दिखावे के लिए।

• 2 कुरिन्थियों 9:7—हर कोई खुशी से और उदारता से दे; उदारता मसीही आस्था की अभिव्यक्ति है। संक्षेप स्पष्टीकरण: दिल से दिया गया अंश ईश्वर की कृपा के परिणामस्वरूप होता है।

• हबक्कूक 2:3—जो अस्थिर प्रतीत हो सकता है, वह समय पर पूरा होगा; दान और सेवकाई का लक्ष्य ईश्वर की योजना के अनुरूप है। संक्षेप स्पष्टीकरण: धैर्य और विश्वास के साथ परमेश्वर के कार्यक्रम को समर्थन दें।

व्यावहारिक निष्कर्ष

हम प्रत्येक अपने सामाजिक-धार्मिक दायित्वों में स्वेच्छा से योगदान कैसे दे सकते हैं? यह याद रखें कि नेक सेवकाई और मंदिर-निर्माण जैसे कार्य समुदाय की समृद्धि के लिए होते हैं। अपनी क्षमता के अनुसार सहयोग दें, और यह भावना बनाए रखें कि हमारा परमेश्वर-उद्धार-यज्ञ सभी के द्वारा एक साथ समृद्ध होता है।

इस पाठ से एक सरल सीख मिलती है: ईश्वर के कारण हम जो कुछ भी देते हैं, वह हमारे हृदय से होना चाहिए—उद्धार-योग्यता की नहीं, बल्कि प्रेम की अभिव्यक्ति के रूप में।

मुख्य उद्धरण से संकेत: यहोवा के लिए दान की प्रेरणा—उत्साह और इच्छा—साथ मिलकर यह दर्शाती है कि सामुदायिक सेवा किस प्रकार ऊपर उठती है।

*** इस टीका में सार्वजनिक डोमेन में उपलब्ध कुछ प्राचीन और क्लासिक स्रोतों की सामग्री शामिल है। कुछ सामग्री को कृत्रिम बुद्धिमत्ता उपकरणों की सहायता से संसाधित, संक्षिप्त या अनुवादित किया गया हो सकता है। हर व्याख्या को बाइबल के पूरे पाठ और उसके संदर्भ के साथ अवश्य जाँचें। यदि आपको कोई त्रुटि या ऐसा अनुवाद मिले जिसे सुधारने की आवश्यकता हो, तो कृपया हमसे संपर्क करें।

निर्गमन 35:21 समानांतर पद और संबंधित वचन

उन बाइबल पदों को देखें जो विषय, शिक्षा या संदर्भ के आधार पर इस अंश से जुड़े हैं। समानांतर पदों की तुलना करने से इस वचन के संदर्भ और संदेश को अधिक गहराई से समझने में सहायता मिलती है। किसी चित्र को चुनें और संबंधित पद, उसकी व्याख्या तथा पद-दर-पद बाइबल टीका देखें।

निर्गमन 25:2 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
निर्गमन 25:2 (HINIRV) »
“इस्राएलियों से यह कहना कि मेरे लिये भेंट लाएँ; जितने अपनी इच्छा से देना चाहें उन्हीं सभी से मेरी भेंट लेना।

निर्गमन 35:29 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
निर्गमन 35:29 (HINIRV) »
जिस-जिस वस्तु के बनाने की आज्ञा यहोवा ने मूसा के द्वारा दी थी उसके लिये जो कुछ आवश्यक था, उसे वे सब पुरुष और स्त्रियाँ ले आईं, जिनके हृदय में ऐसी इच्छा उत्‍पन्‍न हुई थी। इस प्रकार इस्राएली यहोवा के लिये अपनी ही इच्छा से भेंट ले आए।

निर्गमन 35:5 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
निर्गमन 35:5 (HINIRV) »
तुम्हारे पास से यहोवा के लिये भेंट ली जाए, अर्थात् जितने अपनी इच्छा से देना चाहें वे यहोवा की भेंट करके ये वस्तुएँ ले आएँ; अर्थात् सोना, रुपा, पीतल;

HINIRV बाइबल की पुस्तक चुनें