यशायाह 17:6 बाइबल पद का अर्थ और पद-दर-पद टीका

तो भी जैसे जैतून वृक्ष के झाड़ते समय कुछ फल रह जाते हैं, अर्थात् फुनगी पर दो-तीन फल, और फलवन्त डालियों में कहीं-कहीं चार-पाँच फल रह जाते हैं, वैसे ही उनमें सिला बिनाई होगी, इस्राएल के परमेश्‍वर यहोवा की यही वाणी है।

पिछला पद
« यशायाह 17:5
अगला पद
यशायाह 17:7 »

यशायाह 17:6 पद-दर-पद बाइबल टीका

यशायाह 17:6 — संदर्भगत आरम्भ और आपात चित्र

यह वाक्य शानशौकत में नहीं, बल्कि निराशा के बादलों के बीच एक आशा की छोटी चिंगारी दिखाता है। Yशायाह 17 अध्याय असूर-आमद की नीति-व्यवस्था से इज़राइल के दक्षिणी राज्य पर आक्रमण का संदेश है। 17:6 में यह बतलाया गया है कि सिंचित फल-फूल से भरपूर फसल की जगह, जैतून के पेड़ पर केवल कुछ फल ही बचे रहेंगे, जैसे-जैसे शाखाओं पर उगते हैं नीचे फल न्यून हों। भगवद्-वाणी कहती है: “फुनगी पर दो-तीन फल… फलवन्त डालियों में कहीं-कहीं चार-पाँच फल।” यह तस्वीर उस समय के प्रतीकात्मक न्याय और दया दोनों को दर्शाती है—क्योंकि परमेश्वर के विरुद्ध व्यवहार के कारण छोटे भागकर-बचे लोग भी रहते हैं।

भक्ति और विश्वास पर यह वचन क्या बताता है

यह दृश्य यह संकेत देता है कि परमेश्वर अपने चुने हुए लोगों के साथ पूर्णता नहीं, बल्कि चित्त में झुकाव रखने की मांग करते हैं। इस बारीक चिह्न के भीतर यह भी है कि असफलताओं के बावजूद परमेश्वर की कृपा बची रहती है—कम-से-कम कुछ नहीं तो दया के छोटे-छोटे अंश मिलते रहते हैं। इस प्रकार यह एक सशक्त स्मरण है कि ईश्वर हमारी कमजोरियों के बीच भी संवाद बनाते हैं और उद्धार के संकेत वे ही रहते हैं, भले ही पूरे पेड़ पर फल न हों।

महत्वपूर्ण शब्दों और कल्पनाओं का स्पष्टीकरण

  • जैतून वृक्ष: पवित्र ग्रंथ में शांति, समृद्धि और दया का प्रतीक। यहाँ यह दर्शाता है कि खुशहाली केवल बह Federal-स्तर पर नहीं, बल्कि निजी उन्नति पर निर्भर है।
  • फुनगी पर फल / डालियाँ में फल: यह असाधारण दुर्लभता को बताता है; कुछ फल रहने से संकेत मिलता है कि दया अभी भी है और परमेश्वर का न्याय पूर्ण नहीं है।
  • सिला बिनाई: एक प्रतीकात्मक शब्द है जिसमें तूटे-फूटे और क्षत-विक्षत हिस्से से केस निकालकर नया आरम्भ संभव होता है।

अन्य सन्दर्भ जो समझाने में मदद करते हैं

• यशायाह 6–7 की पृष्ठभूमि में यह संदेश इज़राइल की आंतरिक गिरावट और एका-आयुद्ध की दशा को सामने लाता है, और यह दर्शाता है कि परमेश्वर के न्याय के साथ-साथ उसकी दयार्द्रता भी है।

• रोम 11:5–6 के संदर्भ से विचार करें कि पूरी चयनीति में एक छोटा समूह बनी रहती है जो विश्वास पर टिके रहते हैं; यह खतरे के समय भी उद्धार के संकेत देता है।

• मत्ती 7:7–8 में प्रार्थना और खोज की कीमत बताई गई है—यही वह प्रवृत्ति है जो गिरती-सीढ़ी में भी परमेश्वर के उत्तर की ओर ले जाती है।

वर्तमान-जीवन पर अनुप्रयोग

- कठिन समय में भी आशा न छोड़ें: जैसे पेड़ पर कुछ ही फल बचे रहते हैं, वैसे ही परमेश्वर की कृपा कभी-कभी बेहद सीमित लगे क्षेत्रों में भी चलती रहती है।

- आत्म-निरपेक्ष न रहें: निर्बलताओं में भी ईश्वर के साथ संबंध बनाए रखें; आध्यात्मिक समृद्धि का स्रोत हमारी दृढ़ प्रार्थना और विश्वास है।

- समुदाय में करुणा बनाये रखें: अन्य के कम-फलों पर आशा रखें, ताकि एक दूसरे को समृद्ध करने की राह खुल सके।

संयुक्त सार

यशायाह 17:6 एक संतुलित दयालु संदेश है – न्याय के साथ दया भी, कड़ी चेतावनी के बीच आशा की रोशनी भी। यह बताता है कि परमेश्वर की योजनाओं में हर व्यक्ति और हर स्थिति का मायने है, भले ही परिणाम पूरी तरह से फलदायी न हो।

कुछ उद्धृत टिप्पणीकारों से संकेत

यह पाठ पुराने comentarियों की ध्वनि के अनुरूप है—जहाँ एक ओर बर_strength के साथ चेतावनी है, वहीं दया और उद्धार की संभावना भी है। (यद्यपि मैं पूर्ण उद्धरण नहीं दे रहा, पर यह विचार Matthew Henry, Albert Barnes और Adam Clarke की परंपरा के अनुरूप पंक्तियों से प्रेरित है: न्याय के साथ दयालु क्रिया; छोटे-छोटे संकेतों में भी उद्धार की संभावना।)

*** इस टीका में सार्वजनिक डोमेन में उपलब्ध कुछ प्राचीन और क्लासिक स्रोतों की सामग्री शामिल है। कुछ सामग्री को कृत्रिम बुद्धिमत्ता उपकरणों की सहायता से संसाधित, संक्षिप्त या अनुवादित किया गया हो सकता है। हर व्याख्या को बाइबल के पूरे पाठ और उसके संदर्भ के साथ अवश्य जाँचें। यदि आपको कोई त्रुटि या ऐसा अनुवाद मिले जिसे सुधारने की आवश्यकता हो, तो कृपया हमसे संपर्क करें।

यशायाह 17:6 समानांतर पद और संबंधित वचन

उन बाइबल पदों को देखें जो विषय, शिक्षा या संदर्भ के आधार पर इस अंश से जुड़े हैं। समानांतर पदों की तुलना करने से इस वचन के संदर्भ और संदेश को अधिक गहराई से समझने में सहायता मिलती है। किसी चित्र को चुनें और संबंधित पद, उसकी व्याख्या तथा पद-दर-पद बाइबल टीका देखें।

यशायाह 24:13 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
यशायाह 24:13 (HINIRV) »
क्योंकि पृथ्वी पर देश-देश के लोगों में ऐसा होगा जैसा कि जैतून के झाड़ने के समय, या दाख तोड़ने के बाद कोई-कोई फल रह जाते हैं।

व्यवस्थाविवरण 4:27 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
व्यवस्थाविवरण 4:27 (HINIRV) »
और यहोवा तुमको देश-देश के लोगों में तितर-बितर करेगा, और जिन जातियों के बीच यहोवा तुमको पहुँचाएगा उनमें तुम थोड़े ही से रह जाओगे।

न्यायियों 8:2 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
न्यायियों 8:2 (HINIRV) »
उसने उनसे कहा, “मैंने तुम्हारे समान भला अब किया ही क्या है? क्या एप्रैम की छोड़ी हुई दाख भी अबीएजेर की सब फसल से अच्छी नहीं है?

HINIRV बाइबल की पुस्तक चुनें