यिर्मयाह 32:22 बाइबल पद का अर्थ और पद-दर-पद टीका

फिर तूने यह देश उन्हें दिया जिसके देने की शपथ तूने उनके पूर्वजों से खाई थी; जिसमें दूध और मधु की धाराएँ बहती हैं, और वे आकर इसके अधिकारी हुए।

पिछला पद
« यिर्मयाह 32:21

यिर्मयाह 32:22 पद-दर-पद बाइबल टीका

यिर्मयाह 32:22 परCOMMENTARY

पद के संदर्भ में यिर्मयाह प्रेषित के समय अचानक हो रहे दुखों के बीच परमेश्वर के वादे की स्मृति दोहरायी जाती है। यह वचन बताता है कि परमेश्वर ने उन्हें वह देश दिया है जो वे पूर्वजों के समय से शपथ पाकर पाएंगे—जहाँ दूध-शहद की धाराएं बहती हैं। यह दृश्य दिखाता है कि भगवान का वादा पुख्ता है, भले ही लोग आज अस्थिरताओं में हों या दोषों के कारण खतरे में हों।

मुख्य अर्थ

यह verse बताता है कि परमेश्वर ने अपने चेलों के लिए एक सौगात-सुधारस देश रखा है, जिसमें वे अधिकारपूर्वक रहेंगे—दूध और मधु की पृथ्वी का संकेत वह समृद्धि और शोभा है जो उनके कर्तव्य-पालन, दया, और पवित्र जीवन के इनाम के रूप में है। यह वादा, भले ही तत्काल परिस्थितियाँ प्रतिकूल क्यों न हों, ईश्वर की विश्वसनीयता की पुष्टि है।

दो-तीन प्रमुख विषय

  • विश्वास की पुष्टि: शपथ-भंग से बचा हुआ यह वादा यह दर्शाता है कि परमेश्वर अपने लोगों के साथ स्थिर है और उनका भाग्य उसकी इच्छा के अनुसार तय है।
  • प्रतीकात्मक स्थल: दूध-शहद वाला देश प्रतीक है उस पूरे उन्नति-हित और शांतिपूर्ण जीवन का जिसे परमेश्वर अपनी प्रजा को प्रदान करना चाहता है।
  • आस्था बनाम वर्तमान संकट: Jeremiah के संदर्भ में इस वचन का उद्देश्य यह दिखाना है कि दुष्ट परिस्थितियाँ संहार नहीं कर सकतीं जब भगवान का वचन स्थिर हो।

संबद्ध अंश (Cross References)

1) उत्पत्ति 15:18— ईश्वर के वादे से संस्था बनती है और वह देश उनका भाग बनकर रहता है। यह संदर्भ इस तथ्य को पुष्ट करता है कि दावेदारी से अधिक, यह परमेश्वर की प्रतिज्ञा है।

2) व्यवस्थाविवरण 6:10-11— दिव्य वादे में आस्था रखने पर बसे-बसते देश की तरक़्क़ी और स्रोत का वर्णन मिलता है, जिसका संकेत यहां भी है कि परमेश्वर दया और संरक्षण देता है।

3) हब 11:9-10— भविष्य की आशा के साथ आंदोलनों के बीच भी पितृवत विश्वास और स्थिर निवास की स्मृति बनी रहती है।

व्यावहारिक चिंतन

यह पद हमें यह सिखाता है कि कठिन समय में भी परमেশ्वर के वादों पर भरोसा रखना चाहिए। जीवन की तात्कालिक कठिनाइयाँ आपके अधिकार क्षेत्र नहीं बनातीं—परमेश्वर के निर्णय और अपने दायित्वों को पूरा करने का आह्वान स्थिर रहता है। विश्वास-योग्य जीवन वह है जो परमेश्वर के सपने को अपने कर्म से साकार करने का प्रयास करे।

संक्षिप्त समापन

यिर्मयाह 32:22 यह स्मरण कराता है कि परमेश्वर ने अपने लोगों के लिए एक समृद्ध, शांति-पूर्ण देश का वादा रखा है—जो उनकी शपथ व पिता-प्रतीक के अनुसार है। चाहे वर्तमान परिस्थितियाँ कैसी भी हों, यह वादा ईश्वर की विश्वसनीयता का प्रमाण है और हमारी आस्था को प्रोत्साहित करता है कि वह समय पर अपने लोगों को न्याय, सुरक्षा और समृद्धि देगा।

विशेष उद्धरण (केवल यदि उपलब्ध): Matthew Henry, Albert Barnes, Adam Clarke के स्तर पर संकलित प्रकाशनों से संगत विचार नीचे शामिल हैं—लेकिन यहाँ किसी एक-दो पंक्तियों के पूर्ण उद्धरण नहीं दिए जाते; पहुँच का संकेत दिया गया है ताकि पाठक उनके विचारों का संतुलित संदर्भ पा सकें।

*** इस टीका में सार्वजनिक डोमेन में उपलब्ध कुछ प्राचीन और क्लासिक स्रोतों की सामग्री शामिल है। कुछ सामग्री को कृत्रिम बुद्धिमत्ता उपकरणों की सहायता से संसाधित, संक्षिप्त या अनुवादित किया गया हो सकता है। हर व्याख्या को बाइबल के पूरे पाठ और उसके संदर्भ के साथ अवश्य जाँचें। यदि आपको कोई त्रुटि या ऐसा अनुवाद मिले जिसे सुधारने की आवश्यकता हो, तो कृपया हमसे संपर्क करें।

यिर्मयाह 32:22 समानांतर पद और संबंधित वचन

उन बाइबल पदों को देखें जो विषय, शिक्षा या संदर्भ के आधार पर इस अंश से जुड़े हैं। समानांतर पदों की तुलना करने से इस वचन के संदर्भ और संदेश को अधिक गहराई से समझने में सहायता मिलती है। किसी चित्र को चुनें और संबंधित पद, उसकी व्याख्या तथा पद-दर-पद बाइबल टीका देखें।

निर्गमन 13:5 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
निर्गमन 13:5 (HINIRV) »
इसलिए जब यहोवा तुमको कनानी, हित्ती, एमोरी, हिव्वी, और यबूसी लोगों के देश में पहुँचाएगा, जिसे देने की उसने तुम्हारे पुरखाओं से शपथ खाई थी, और जिसमें दूध और मधु की धारा बहती हैं, तब तुम इसी महीने में पर्व करना।

निर्गमन 3:8 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
निर्गमन 3:8 (HINIRV) »
इसलिए अब मैं उतर आया हूँ कि उन्हें मिस्रियों के वश से छुड़ाऊँ, और उस देश से निकालकर एक अच्छे और बड़े देश में जिसमें दूध और मधु की धारा बहती है, अर्थात् कनानी, हित्ती, एमोरी, परिज्जी, हिव्वी, और यबूसी लोगों के स्थान में पहुँचाऊँ।

यिर्मयाह 11:5 HINIRV संबंधित बाइबल पद का चित्र
यिर्मयाह 11:5 (HINIRV) »
और जो शपथ मैंने तुम्हारे पितरों से खाई थी कि जिस देश में दूध और मधु की धाराएँ बहती हैं, उसे मैं तुमको दूँगा, उसे पूरी करूँगा; और देखो, वह पूरी हुई है।” यह सुनकर मैंने कहा, “हे यहोवा, आमीन।”

HINIRV बाइबल की पुस्तक चुनें