Old Testament
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मत्ती 4:22 बाइबल पद का अर्थ और पद-दर-पद टीका
वे तुरन्त नाव और अपने पिता को छोड़कर उसके पीछे हो लिए।
मत्ती 4:22 पद-दर-पद बाइबल टीका
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मत्ती 4:22 समानांतर पद और संबंधित वचन
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मत्ती 10:37 (HINIRV) »
“जो माता या पिता को मुझसे अधिक प्रिय जानता है, वह मेरे योग्य नहीं और जो बेटा या बेटी को मुझसे अधिक प्रिय जानता है, वह मेरे योग्य नहीं। (लूका 14:26)

मरकुस 1:20 (HINIRV) »
उसने तुरन्त उन्हें बुलाया; और वे अपने पिता जब्दी को मजदूरों के साथ नाव पर छोड़कर, उसके पीछे हो लिए।

लूका 14:26 (HINIRV) »
“यदि कोई मेरे पास आए, और अपने पिता और माता और पत्नी और बच्चों और भाइयों और बहनों वरन् अपने प्राण को भी अप्रिय न जाने, तो वह मेरा चेला नहीं हो सकता; (मत्ती 10:37, यूह. 12:25, व्य. 33:9)
मति 4:22 का स्पष्ट अर्थ
इस पद में यीशु के पहले चेलों के प्रति बुलावे की गहराई स्पष्ट होती है: वे तुरन्त नाव और अपने पिता को छोड़कर उसके पीछे हो लिए। यह वचन उनके पूर्ण समर्पण और यीशु के कार्य के प्रति तुरंत निर्देशित अनुरोध की परिणति है।
प्रसंगीन पृष्ठभूमि
पर्व-पूर्वक, यीशु ने जड़-बूट छींटे के साथ प्रचार शुरू किया और दो भाइयों, सिमोन (पेत्रुस) और एंड्रियास, के साथ उनके व्यवसाय को छोड़कर चल पड़ने के लिए कहा। नीचे के अध्यायों में देखा जाएगा कि उनके साथी भी यह आह्वान तुरंत मान लेते हैं। इस समीप, दो अन्य भाइयों जेम्स और योहन भी उसी तरह जवाब देते हैं। यह घटना बताती है कि ईश्वर के राज्य की यात्रा में निजी संपत्ति, पारिवारिक दायित्व या सुरक्षित जीवन की चिंता को पीछे छोड़ना आवश्यक हो सकता है, जब परमेश्वर का बुलावा स्पष्ट रूप से आता है।
व्याख्यात्मक टिप्पणियाँ
- तुरंत उत्तर: यीशु के बुलावे का मानना और उसका पालन करने의 निर्णय बिना विलंब के किया गया। यह विश्वास की सक्रियता और आस्थावान जवाब का उदाहरण है।
- पिता को छोड़ना: यहां “पिता” शब्द से पारिवारिक जिम्मेदारी और व्यवसाय को संदर्भित किया गया है; यह संकेत है कि सत्य के लिए प्राथमिकता रखकर दुनिया की सामान्य सुरक्षा से आगे बढ़ना पड़ सकता है।
- पीछे हो लिए: यह आत्म-त्याग का तप है—पहचान, धरोहर, और भविष्य के सभी मानक यीशु के मार्ग के अनुरूप ढलते हैं।
छोटा थीमेटिक सार
संबद्ध आयतें और संक्षिप्त स्पष्टिकरण
1) मत्ती 4:20 – पेत्रुस और एंड्रियास ने पहले अपने जाल छोड़ दिए; यह दिखाता है कि बुलावे पर तुरंत प्रतिक्रिया उस समय के अन्य चेलों के साथ मिलकर एक सामान्य पाठ बन गई।
2) मत्ती 10:37-38 – यीशु के प्रति पूर्ण प्रेम और परिवारिक संबंधों की सीमा तय करने की आवश्यकता को दर्शाता है; यह समझाता है कि गलत नहीं, बल्कि प्राथमिकता में परिवर्तन होता है।
3) मरकुस 1:18 – वे तुरंत चलते हैं, यह गवाही देता है कि सतही निवेदन नहीं, बल्कि आंतरिक परिवर्तन का अनुभव था।
व्यावहारिक निष्कर्ष
जिंदगी के बुलावे पर हमारा कदम कभी-कभी तुरंत होना चाहिए, बिना बहस के। यह हमें याद दिलाता है कि ईश्वर के राज्य की साझेदारी में प्राप्त होने वाला उद्देश्य संसार की सुरक्षा-व्यवस्था से ऊपर होता है।
महत्त्वपूर्ण उद्धरण (मूल टिप्पणीकारों के शब्द, जहाँ उपलब्ध)
“Immediately they left their nets and followed him.” — Matthew Henry (अंग्रेज़ी मूल से सार संक्षेप)
“They forsook their fishing, and their own interests, to follow Christ.” — Albert Barnes (संकेतात्मक भाव)
“They left both father and business at once, and followed him.” — Adam Clarke (संकेत)
क्रॉस-रेफरंस (संक्षिप्त व्याख्या)
- प्रमुख क्रॉस-रेफरंस: लूक 5:1-11 (पेत्रुसावली के बुलावे के साथ मछुवारों का जवाब), यूह 6:66-69 (यथार्थ आस्था के साथ बुलावा का चयन).
इनमें दर्शाया गया है कि ईश्वर के बुलावे पर विश्वास और समर्पण का अभिप्राय सामान्य जीविकोपार्जन से ऊपर उठना है; क्रॉस-रेफरंस के अनुसार यह एक धार्मिक-नैतिक विवेक की आपूर्ति करने वाला है।
यह पाठ हमें यह सिखाता है कि परमेश्वर के राज्य के लिए कार्य चुनते समय पहले प्राथमिकता वही हो जो आस्था से समर्थित हो।